लखनऊ में पिता की हत्या: बेटे ने बरामद कराया हाथ, ड्रम में मिला था धड़ | Lucknow Crime News
राजधानी लखनऊ में एक शराब और पैथोलॉजी कारोबारी मानवेंद्र सिंह की हत्या ने पूरे शहर को स्तब्ध कर दिया है। बेटे अक्षत प्रताप सिंह ने अपने पिता की गोली मारकर हत्या करने के बाद उनके शव के टुकड़े कर दिए थे। पुलिस ने आरोपी अक्षत की निशानदेही पर मानवेंद्र सिंह का कटा हुआ हाथ बरामद कर लिया है। यह घटना आशियाना सेक्टर एल में सामने आई, जहां सोमवार को मानवेंद्र सिंह का धड़ एक नीले ड्रम में छिपा हुआ मिला था। पुलिस अब भी शव के कटे हुए पैरों की तलाश में जुटी है। इस जघन्य अपराध ने समाज में रिश्तों की मर्यादा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पिता की हत्या और शव के टुकड़े
पुलिस के अनुसार, अक्षत प्रताप सिंह ने 20 फरवरी को अपने पिता मानवेंद्र सिंह को लाइसेंसी रायफल से गोली मारकर हत्या कर दी थी। वारदात को अंजाम देने के बाद उसने शव के हाथ और पैर काटकर अलग-अलग जगहों पर फेंक दिए। धड़ को घर में ही एक नीले ड्रम में छिपा दिया गया था। मौके से 20 लीटर एसिड का एक गैलन भी मिला है, जिससे आशंका है कि आरोपी शव को एसिड से जलाने की तैयारी में था। घटना के समय घर में मौजूद अक्षत की छोटी बहन कृति को भी उसने किसी को कुछ बताने पर जान से मारने की धमकी दी थी।
नीट के दबाव में उठाया खौफनाक कदम
प्राथमिक पूछताछ में सामने आया है कि मानवेंद्र सिंह अपने बेटे अक्षत पर नीट (NEET) की तैयारी करने का लगातार दबाव बना रहे थे। इसी बात को लेकर पिता-पुत्र के बीच अक्सर विवाद होता था, और अंततः इसी दबाव के चलते अक्षत ने अपने पिता की हत्या जैसा जघनक अपराध कर डाला। पुलिस उपायुक्त मध्य विक्रांत वीर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल का गहन निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए।
मोहल्ले में पसरा मातम और अविश्वास
मानवेंद्र सिंह की हत्या से मोहल्ले के लोग गहरे सदमे में हैं। वे मानवेंद्र को एक सरल, सौम्य और मददगार व्यक्ति के रूप में जानते थे, जिनकी किसी से कोई अनबन नहीं थी। उन्होंने कई धार्मिक आयोजन कराए थे और हमेशा दूसरों की मदद के लिए आगे रहते थे। पत्नी की मृत्यु के बाद उन्होंने बच्चों की बेहतर परवरिश के लिए दूसरी शादी नहीं की थी। मोहल्ले के लोगों को यह विश्वास नहीं हो रहा है कि अक्षत जैसा बेटा अपने पिता की ऐसी निर्मम हत्या कर सकता है, जिसे वह हर सुख-सुविधा देता था।
परिवार का दर्द और पुलिस की जांच
मानवेंद्र के बुजुर्ग माता-पिता अपने बेटे के शव को देखकर बिलख पड़े। मां लगातार रोती रही और बेसुध हो गईं, जबकि पिता इस बात से हैरान थे कि उनका होनहार पोता ऐसा कदम कैसे उठा सकता है। पुलिस अक्षत प्रताप सिंह से लगातार पूछताछ कर रही है ताकि घटना के सभी पहलुओं को उजागर किया जा सके और शव के बाकी अंगों को भी बरामद किया जा सके। यह Lucknow crime news एक बार फिर रिश्तों में बढ़ती दरार और मानसिक दबाव के गंभीर परिणामों को दर्शाती है।
