यमुना एक्सप्रेसवे पर मानकों को दरकिनार कर दौड़ रही स्लीपर बसें, 100 से अधिक वाहनों पर कार्रवाई
आगरा में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर बड़े पैमाने पर कार्रवाई की गई है। यमुना एक्सप्रेसवे और ग्वालियर हाईवे पर स्लीपर कोच बसों में सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाया गया। आरटीओ प्रवर्तन दल ने दो स्लीपर कोच बसों का चालान काटा। इनमें से एक बस के परमिट में खामियां पाई गईं, जबकि दूसरी बस में निर्धारित क्षमता से 20 यात्री अधिक सवार थे। यह माना जा रहा है कि सीटों की संख्या बढ़ाने के लिए स्लीपर को कम किया गया था।
यात्रियों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले ऐसे वाहनों पर नकेल कसने के लिए आरटीओ प्राविधिक द्वारा इन बसों की विस्तृत तकनीकी जांच की जाएगी। यह अभियान राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के तहत चलाया गया था, जिसमें हाईवे और एक्सप्रेसवे पर ओवरलोड वाहनों, बिना सीट बेल्ट और हेलमेट के वाहन चलाने वालों पर भी कार्रवाई हुई। गुरुवार को अकेले बिना हेलमेट के 400 वाहन चालकों का चालान किया गया।
आरटीओ प्रशासन अरुण कुमार और आरटीओ प्रवर्तन अखिलेश कुमार द्विवेदी ने पेट्रोल पंप कर्मचारियों को ‘नो हेलमेट नो पेट्रोल’ नियम का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त, हाईवे पर अवैध रूप से वाहन खड़े करने, रोडवेज बसों के अनधिकृत ठहराव और अतिक्रमण के खिलाफ ‘सड़क खाली करो’ अभियान भी शुरू किया गया है। इस अभियान में रोडवेज, नगर निगम और ट्रांसपोर्टरों सहित सभी संबंधित पक्षों को शामिल किया गया है।
