UP Weather News: पश्चिमी विक्षोभ से यूपी में बदला मौसम, कई जिलों में बारिश और ओलावृष्टि, किसानों को भारी नुकसान
उत्तर प्रदेश में एक बार फिर मौसम ने करवट ली है। उत्तरी पाकिस्तान और हरियाणा के ऊपर सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश में कड़ाके की ठंड के बीच अब बारिश का दौर शुरू हो गया है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बीते 24 घंटों के दौरान बादलों ने डेरा डाला और जमकर बरसात हुई। इसके साथ ही कई इलाकों में ओलावृष्टि भी हुई है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, एक के बाद एक तीन पश्चिमी विक्षोभों के असर से बारिश का यह दौर अभी थमने वाला नहीं है। पश्चिमी हिस्सों से निकलकर यह बारिश मध्य और पूर्वी उत्तर प्रदेश तक पहुंच सकती है। अगले 48 घंटों में रात के तापमान (न्यूनतम तापमान) में 3 से 6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी होने की संभावना है, जिससे रात की ठिठुरन कुछ कम होगी।
अमरोहा में ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान
अमरोहा जिले के हसनपुर क्षेत्र में शनिवार आधी रात के बाद जमकर ओलावृष्टि हुई। ओलों का आकार कांच की गोली से भी बड़ा था, जिससे गेहूं, मटर व सरसों की फसल को भारी नुकसान होने की बात कही जा रही है। किसानों ने बताया कि ओलावृष्टि लगभग 20 मिनट तक चली, जिससे खेत, छत और आंगन तक ओलों से भर गए। ओलावृष्टि से क्षेत्र के 20 से अधिक गांव प्रभावित हुए हैं। किसानों का कहना है कि डंठल पर होने की वजह से गेहूं का पौधा ओलों की मार से टूट गया है।
मौसम विभाग का अलर्ट और तापमान में बदलाव
मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश ने सामान्य के मुकाबले 1025 फीसदी की बढ़त दर्ज की है। बीते 24 घंटों के दौरान सबसे अधिक 12.7 मिलीमीटर वर्षा बागपत में दर्ज की गई। अमरोहा में 7.7, हापुड़ में 8.0 मिलीमीटर बरसात हुई। इसके विपरीत, पूर्वी उत्तर प्रदेश के गोरखपुर, वाराणसी, प्रयागराज और आजमगढ़ में बादल तो छाए रहे लेकिन बारिश नहीं हुई। हवाओं के रुख में बदलाव और कोहरे की परत कमजोर होने के कारण राजधानी लखनऊ का तापमान तेजी से बढ़ा। 24.1° डिग्री अधिकतम तापमान के साथ लखनऊ रविवार को प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा। मौसम विभाग का अनुमान है कि कोहरा कम होने से दिन के तापमान में अभी और बढ़ोतरी होगी।
फसल क्षति का सर्वे शुरू
ओलावृष्टि से किसानों के दिल बैठे हुए हैं। किसानों ने ईश्वर से प्रार्थना की है कि भले ही बरसात हो जाए लेकिन ओलावृष्टि ना हो। तहसीलदार परमानंद श्रीवास्तव ने बताया कि तहसील क्षेत्र के कई गांवों में ओलावृष्टि से फसलों का नुकसान होने की सूचना मिली है। फसल क्षति का सर्वे कराया जाएगा।
