ईरान-इजरायल जंग का असर: भारत में महंगाई का ‘जंग’ शुरू, आम आदमी की जेब पर भारी पड़ेगी मार
मध्य पूर्व में ईरान और इजरायल के बीच जारी संघर्ष का असर अब भारत में महंगाई के रूप में दिखने लगा है। खाड़ी देशों से भारत को होने वाली तेल आपूर्ति पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं, जिससे आने वाले दिनों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी इजाफा होने की आशंका है। तेल की कीमतों में वृद्धि का सीधा प्रभाव माल ढुलाई की लागत पर पड़ेगा, जिससे आम आदमी के लिए रोजमर्रा की जरूरत की चीजें महंगी हो जाएंगी।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पैदा हुए इस तनाव के कारण सोने और चांदी की कीमतों में भी वृद्धि देखी जा रही है, जिसका असर सराफा बाजार पर पड़ रहा है। डीजल और पेट्रोल के दाम बढ़ने से ट्रांसपोर्टेशन महंगा होगा, जो पहले से ही सीएनजी की बढ़ी कीमतों और बंदरगाहों पर माल की आवाजाही में आई कमी से जूझ रहे ट्रांसपोर्टरों के लिए एक और झटका होगा।
आयात-निर्यात पर असर पड़ने से खाद्य पदार्थों, ड्राईफ्रूट्स और विभिन्न प्रकार के रसायनों की कीमतों में भी वृद्धि की संभावना है। अलीगढ़ जैसे शहरों से दादरी तक जाने वाले कंटेनर यातायात पर भी इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा, क्योंकि मुंबई से माल की बुकिंग पर रोक लगा दी गई है। इस स्थिति का खामियाजा अंततः आम नागरिकों को भुगतना पड़ेगा, जिन्हें बढ़ती महंगाई से जूझना पड़ेगा।
