5000 रुपये स्टांप ड्यूटी पर गिफ्ट डीड: औद्योगिक संपत्तियों को मिली राहत, 5 साल तक नहीं होगी रजिस्ट्री
उत्तर प्रदेश सरकार ने औद्योगिक और व्यावसायिक संपत्तियों के हस्तांतरण को लेकर एक बड़ा कदम उठाया है। अब परिजन के बीच गिफ्ट डीड के माध्यम से इन संपत्तियों की रजिस्ट्री मात्र 5000 रुपये के स्टांप और 1% शुल्क पर हो सकेगी। यह सुविधा पहले केवल आवासीय और कृषि संपत्तियों के लिए उपलब्ध थी, जिसे अब औद्योगिक और व्यावसायिक संपत्तियों तक विस्तारित किया गया है।
इस नई अधिसूचना के अनुसार, पुत्र, पुत्री, पिता, माता, पति, पत्नी, पुत्रवधू, सगे भाई, सगे भाई के मृतक होने की स्थिति में उसकी पत्नी, सगी बहन, दामाद या पौत्र-पौत्री के पक्ष में ही गिफ्ट डीड के तहत रजिस्ट्री की जा सकेगी। यह नियम किसी फर्म, कंपनी, ट्रस्ट या संस्था जैसी वैधानिक या विधिक इकाई पर लागू नहीं होगा, चाहे वह दानकर्ता हो या दान प्राप्तकर्ता।
हालांकि, एक महत्वपूर्ण शर्त यह है कि एक बार गिफ्ट डीड के माध्यम से रजिस्ट्री होने के बाद, वह संपत्ति पांच साल की अवधि तक किसी दूसरे व्यक्ति को दान में नहीं दी जा सकेगी। इस कदम से औद्योगिक और व्यावसायिक संपत्तियों के हस्तांतरण में आसानी होने की उम्मीद है, जिससे व्यापारिक सुगमता को बढ़ावा मिलेगा।
