कोल इंडिया अधिकारियों को मिलेगा महारत्न वेतनमान, कोयला मंत्रालय की मंजूरी से राह साफ
कोयला मंत्रालय की मंजूरी के बाद कोल इंडिया के अधिकारियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी आई है। अब उन्हें महारत्न कंपनी के दर्जे के अनुरूप संशोधित वेतनमान और भत्ते प्राप्त होंगे। इस निर्णय से अधिकारियों के वेतन में वृद्धि होगी और बकाया एरियर मिलने की संभावना भी बढ़ गई है।
यह पे-स्केल अपग्रेड कंपनी पर सालाना लगभग 515 करोड़ रुपये का अतिरिक्त वित्तीय बोझ डालेगा। ई वन ग्रेड के अधिकारियों का न्यूनतम वेतन अब 40,000 रुपये से बढ़कर महारत्न मानकों के अनुसार संशोधित होगा।
मामला जबलपुर हाईकोर्ट तक पहुंचा था, जहां न्यायालय ने कोयला सचिव को इस संबंध में 7 जनवरी 2026 तक अंतिम निर्णय लेने का निर्देश दिया है। इससे पहले, अप्रैल 2025 में हाईकोर्ट ने कोयला मंत्रालय द्वारा गठित एक कमेटी को अधिकारियों के पे अपग्रेडेशन पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने के लिए आठ सप्ताह का समय दिया था।
यह कार्यवाही सुप्रीम कोर्ट के उन निर्देशों के बाद शुरू हुई थी जिनमें वेतन विसंगतियों की समीक्षा की बात कही गई थी। कोयला मंत्रालय के संयुक्त सचिव भवानी प्रसाद पती के नेतृत्व वाली कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में कोल इंडिया के अधिकारियों के वेतनमान को अन्य महारत्न कंपनियों जैसे ओएनजीसी और एनटीपीसी के समकक्ष लाने की सिफारिश की है। यह कदम कोयला कर्मचारियों के 11वें वेतन समझौते के बाद उत्पन्न हुई वेतन विसंगतियों को दूर करने के लिए उठाया गया है, जिसमें कई कर्मचारियों का वेतन अधिकारियों से अधिक हो गया था।
