लखनऊ में जलभराव: नाला सफाई में लापरवाही से डूबे घर-दुकानें, लाखों का नुकसान
लखनऊ में बारिश के बाद हुए जलभराव ने नगर निगम की तैयारियों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। शहर के शंकरपुरवा, जानकीपुरम, संजय गांधीपुरम और भूतनाथ बाजार जैसे कई इलाकों में नालों की सफाई न होने के कारण सड़कें और गलियां तालाब में तब्दील हो गईं।
घरों और दुकानों में घुसा पानी
शंकरपुरवा द्वितीय वार्ड में आलोक दुबे रोड पर घुटनों तक पानी भर गया, जिससे लोगों के घरों में फर्नीचर, राशन और इलेक्ट्रॉनिक सामान तक खराब हो गए। जितेंद्र नाम के एक निवासी ने बताया कि उनके घर में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। इसी तरह जानकीपुरम के सेक्टर-डी और आसपास की कॉलोनियों में भी घरों के भीतर पानी घुस गया, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।
व्यापारियों को भारी नुकसान
इंदिरा नगर के भूतनाथ बाजार में जलभराव के कारण कई दुकानों में पानी घुस गया, जिससे व्यापारियों को लाखों के सामान का नुकसान हुआ। कुर्सी रोड और लालकुआं के गांधीनगर क्षेत्र में भी सड़कों पर पानी भर गया और सीवर का गंदा पानी फैलने से लोगों को भारी परेशानी हुई।
प्रशासन पर सवाल
नागरिकों का आरोप है कि नगर निगम कागजों में नालों की सफाई के नाम पर करोड़ों रुपये खर्च दिखाता है, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना द्वारा नाले-नालियों की सफाई के निर्देश देने के बावजूद हालात में सुधार न होने से लोगों में आक्रोश है। लोगों की मांग है कि जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई हो और जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाए। बारिश के बाद नगर निगम के अधिकारी निरीक्षण के लिए पहुंचे, लेकिन वे लोगों को तत्काल राहत दिलाने में नाकाम रहे।
