Jodhpur Jhal Wetland: संरक्षण और पर्यटन विकास पर मंथन, युवाओं को मिलेगा Nature Guide प्रशिक्षण
जोधपुर झाल वेटलैंड के संरक्षण और बेहतर प्रबंधन के लिए ग्राम वेटलैंड समिति और संयुक्त वन प्रबंधन समिति ने मिलकर एक बैठक आयोजित की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य वेटलैंड के सतत विकास में स्थानीय समुदाय की भागीदारी सुनिश्चित करना और प्रकृति पर्यटन को बढ़ावा देना था। विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया कि किसी भी आर्द्रभूमि की सुरक्षा के लिए स्थानीय लोगों का सहयोग अत्यंत आवश्यक है।
बैठक में विशेषज्ञ सदस्य डॉ. केपी सिंह ने बताया कि वेटलैंड की जैव विविधता को सुरक्षित रखने में स्थानीय ग्रामवासियों, युवाओं और विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। उन्होंने कहा कि यदि इन समूहों को संरक्षण कार्यों से जोड़ा जाए तो वेटलैंड के पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत किया जा सकता है।
वेटलैंड संरक्षण और प्रबंधन को प्रभावी बनाने के लिए बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा की गई। इनमें सबसे प्रमुख प्रस्ताव स्थानीय युवाओं को नेचर गाइड के रूप में प्रशिक्षित करने का था। समिति ने निर्णय लिया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के आयोजन के लिए उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद को एक प्रस्ताव भेजा जाएगा। बैठक की अध्यक्षता ग्राम प्रधान कोह हरेन्द्र सिंह चौहान ने की, जिसमें लेखपाल मोहित सिंह और वन दरोगा अमित दिवाकर सहित समिति के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे।
