बिहार में जघन्य अपराधों के लिए 200 नए फास्ट ट्रैक कोर्ट का प्रस्ताव, जल्द मिलेगी सजा | Bihar crime news
बिहार पुलिस मुख्यालय ने राज्य में जघन्य अपराधों और आर्म्स एक्ट के मामलों के त्वरित निपटारे के लिए एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव तैयार किया है। इस प्रस्ताव के तहत, राज्य में 200 नए फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित किए जाएंगे, जिनमें से 100 कोर्ट जघन्य अपराधों के लिए और 100 आर्म्स एक्ट के मामलों के लिए समर्पित होंगे। इस पहल का मुख्य उद्देश्य हत्या, दुष्कर्म और अवैध हथियार रखने जैसे गंभीर अपराधों में शामिल अपराधियों को जल्द से जल्द सजा दिलाना है।
वर्तमान में, राज्य में पॉक्सो और एससी-एसटी जैसे विशेष न्यायालय मौजूद हैं, जो अपराधियों को सजा दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। हालांकि, नए फास्ट ट्रैक कोर्ट के गठन से सजा की दर में और तेजी आने की उम्मीद है। पुलिस महानिदेशक (DGP) ने बताया कि इस कदम से अपराधियों को कम समय में कठोर सजा दिलाने में मदद मिलेगी, जिससे अपराध नियंत्रण में सुधार होगा।
पुलिस मुख्यालय के आंकड़ों के अनुसार, इस साल जनवरी से अक्टूबर तक 1 लाख 27 हजार 993 अपराधियों को सजा दिलाई गई है, जिसमें कई मामलों में उम्रकैद और मौत की सजा भी शामिल है। नए कोर्ट के गठन के लिए प्रस्ताव गृह विभाग से होते हुए विधि विभाग के माध्यम से हाईकोर्ट भेजा गया है। हाईकोर्ट की सहमति मिलते ही इन कोर्टों के गठन की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
