बिहार में कड़ाके की ठंड, आंगनबाड़ी केंद्रों में ठिठुर रहे बच्चे; व्यवस्था पर सवाल
बिहार के बेगूसराय जिले के छौड़ाही प्रखंड में कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। सबसे ज्यादा परेशानी आंगनबाड़ी केंद्रों में पढ़ने वाले छोटे बच्चों को हो रही है। इन केंद्रों में न तो पर्याप्त भवन हैं और न ही बच्चों को ठंड से बचाने के लिए कोई इंतजाम।
मौसम विभाग के अनुसार, क्षेत्र में न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है और बर्फीली पछुआ हवाएं चल रही हैं, जिससे कोल्ड डे जैसी स्थिति बन गई है। इसके बावजूद, कई आंगनबाड़ी केंद्र खुले आसमान के नीचे या जर्जर झोपड़ियों में संचालित हो रहे हैं।
केंद्र संख्या 80 पर बच्चों को खुले में बैठाकर भोजन कराया जा रहा था, जबकि केंद्र संख्या 127 एक टाट की झोपड़ी में चल रहा है। यहां न तो दरवाजे हैं और न ही खिड़कियां, जिससे बर्फीली हवा सीधे बच्चों को लग रही है। बच्चों के पास गर्म कपड़े भी नहीं हैं और वे ठंड से कांपते हुए एक-दूसरे से सटकर बैठने को मजबूर हैं।
सेविकाओं ने बताया कि ठंड से बचाव के लिए अलाव जलाने या गर्म कपड़ों की कोई व्यवस्था नहीं है, न ही इसके लिए कोई फंड उपलब्ध कराया गया है। बच्चों ने बताया कि इतनी ठंड में केंद्र आने का मन नहीं करता। इन हालातों ने आंगनबाड़ी केंद्रों की व्यवस्था और प्रशासनिक तैयारियों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
