कफ सिरप कांड: STF जेल में करेगी आरोपियों से पूछताछ, शुभम के वीडियो की भी जांच शुरू
उत्तर प्रदेश में कफ सिरप घोटाले के मामले में स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) अब जेल में बंद मुख्य आरोपियों से पूछताछ की तैयारी में है। एसटीएफ की टीम शनिवार को अमित टाट और आलोक सिंह से जेल में आमने-सामने बैठकर पूछताछ करेगी। इस पूछताछ के लिए एसटीएफ ने अदालत से शुक्रवार को विशेष अनुमति प्राप्त कर ली है। सूत्रों के अनुसार, एसटीएफ ने दोनों आरोपियों से पूछने के लिए आठ अहम सवाल तैयार किए हैं, जिनका उद्देश्य घोटाले की गहराई और सिंडिकेट के सदस्यों की पहचान करना है।
कफ सिरप कांड के ये दोनों प्रमुख आरोपी, अमित टाट और आलोक सिंह, हाल ही में गिरफ्तार किए गए थे। प्रारंभिक पूछताछ में उन्होंने एसटीएफ को कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी थीं, जिसके आधार पर एसटीएफ ने पूरे सिंडिकेट का जाल बिछाने में सफलता पाई है। इसी जानकारी के आधार पर अब कफ सिरप के वितरकों के रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं। जांच में यह बात सामने आई है कि अमित टाट और आलोक सिंह ने कम समय में करोड़ों रुपये की चल और अचल संपत्ति अर्जित की है।
एसटीएफ की पूछताछ का एक मुख्य बिंदु यह भी होगा कि उनका मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल के साथ क्या संबंध थे। इसके अलावा, उनकी कितनी फर्में किन-किन राज्यों में संचालित हो रही हैं और वे कितने वितरकों को कफ सिरप की आपूर्ति करते थे, इस पर भी सवाल पूछे जाएंगे। यह भी पता लगाया जाएगा कि वे कफ सिरप आपूर्तिकर्ता कंपनी के साथ कितने समय से कारोबार कर रहे थे और तस्करी के लिए भुगतान नकद में होता था या बैंकिंग माध्यमों से।
पूछताछ के दौरान बाहुबली धनंजय के साथ उनके संपर्क और कफ सिरप तस्करी में धनंजय की भूमिका पर भी सवाल उठाए जाएंगे। एसटीएफ यह जानने का प्रयास करेगी कि इस सिंडिकेट में और कौन-कौन से लोग शामिल थे और उनकी क्या भूमिका थी।
इसी बीच, एसटीएफ ने शुक्रवार को कफ सिरप कांड के कथित मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल द्वारा जारी एक वीडियो की जांच भी शुरू कर दी है। इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित इस वीडियो में शुभम ने अपनी सफाई पेश की है। एसटीएफ इस वीडियो के आईपी (इंटरनेट प्रोटोकॉल) एड्रेस की जांच कर रही है ताकि शुभम की लोकेशन का पता लगाया जा सके और उसके दावों की सत्यता जांची जा सके। यह कदम मामले की जांच में एक नया मोड़ ला सकता है।
