0

विदेश जाने वाले UP के युवाओं को मिलेगी भाषा और कौशल की खास ट्रेनिंग

By Dec 1, 2025

विदेश में बेहतर रोजगार के अवसरों की तलाश कर रहे उत्तर प्रदेश के युवाओं के लिए प्रदेश सरकार एक महत्वपूर्ण पहल करने जा रही है। श्रम और सेवायोजन विभाग एक ऐसी योजना लागू करने की तैयारी में है, जिसके तहत विदेश जाने वाले कुशल श्रमिकों को न केवल उनकी भाषा के अनुसार प्रशिक्षण दिया जाएगा, बल्कि उन्हें कामकाजी कौशल में भी निपुण बनाया जाएगा। इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि विदेश पहुंचने के बाद युवाओं को भाषा संबंधी किसी भी कठिनाई का सामना न करना पड़े और वे अपने कार्यक्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर सकें।

इस योजना के क्रियान्वयन के लिए विभाग जल्द ही केएमसी भाषा विश्वविद्यालय, लखनऊ के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) करेगा। इससे युवाओं को जापानी, जर्मन, हिब्रू (इजरायल) और रूसी जैसी भाषाओं का बुनियादी प्रशिक्षण आसानी से उपलब्ध हो सकेगा। इसके अतिरिक्त, जर्मनी और जापान में नर्सिंग क्षेत्र में बढ़ती मांग को देखते हुए, विभाग नर्सिंग एसोसिएशन, ग्रेटर नोएडा के साथ भी एमओयू करने की प्रक्रिया में है। इसके माध्यम से नर्सिंग पेशेवरों को आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। साथ ही, अन्य संस्थानों के सहयोग से युवाओं को मशीन संचालन, निर्माण क्षेत्र की तकनीकी जानकारी, इलेक्ट्रिकल-मैकेनिकल स्किल्स और हेल्थकेयर से जुड़े मूलभूत कौशल जैसे कामकाजी प्रशिक्षण भी दिए जाएंगे।

श्रम विभाग के प्रमुख सचिव, डा. एमके शनमुघा सुंदरम के अनुसार, इजरायल, जापान, जर्मनी, रूस और संयुक्त अरब अमीरात जैसे देशों में उत्तर प्रदेश के श्रमिकों की मांग लगातार बनी हुई है। उन्होंने कहा कि भाषा और कामकाजी दक्षता में वृद्धि से इन देशों में रोजगार प्राप्त करना आसान होगा और युवाओं का आत्मविश्वास भी बढ़ेगा। कौशल के साथ विदेशी भाषा का ज्ञान प्रदेश के युवाओं को विदेश में बेहतर संवाद स्थापित करने और कार्यस्थल पर भाषाई बाधाओं को कम करने में मदद करेगा। इस पहल से न केवल नए रोजगार के अवसर खुलेंगे, बल्कि प्रदेश के युवा अंतरराष्ट्रीय श्रम बाजार में अधिक प्रतिस्पर्धी भी बनेंगे। विभाग द्वारा जल्द ही प्रशिक्षण मॉड्यूल तैयार किए जाएंगे और पात्र युवाओं के चयन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

इस योजना से प्रदेश के हजारों युवाओं को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। यह पहल न केवल रोजगार सृजन को बढ़ावा देगी, बल्कि प्रदेश को वैश्विक श्रम बाजार में एक मजबूत स्थिति दिलाने में भी सहायक सिद्ध होगी। उल्लेखनीय है कि श्रम व सेवायोजन विभाग को हाल ही में रिक्रूटमेंट एजेंसी (आरए) का लाइसेंस प्राप्त हुआ है। अब विभाग को सीधे श्रम के कार्यों के लिए युवाओं को विदेश भेजने, परामर्श देने और सुरक्षा मानकों की निगरानी का अधिकार मिल गया है। पिछले वर्ष श्रम विभाग ने 5,978 निर्माण श्रमिकों को इजरायल भेजा था, जो इस दिशा में विभाग के प्रयासों का एक उदाहरण है।

About

Journalist covering latest updates.

अगली खबरें

सीएम योगी का IPS प्रशिक्षुओं को मंत्र: संवाद, संवेदनशीलता और सकारात्मकता से बनें प्रभावी पुलिस अधिकारी

भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) 2023 और 2024 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित करते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्हें सफल, प्रभावी और 'सिटीजन सेंट्रिक' पुलिस अधिकारी बनने के लिए 'संवाद, संवेदनशीलता...
By Dec 1, 2025

सुप्रीम कोर्ट की यूपी सरकार को फटकार: ट्रैफिक अपराध माफी पर उठाए सवाल

सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार के उस फैसले पर कड़ी नाराजगी जताई है, जिसके तहत एक जनवरी 2017 से 31 दिसंबर 2021 तक के न्यायालयों में लंबित यातायात नियमों के उल्लंघन संबंधी मामलों को...
By Dec 1, 2025

बीएसएनएल करोड़ों के घोटाले में दो अधिकारी दोषी, दो साल की जेल और दस लाख जुर्माना

लखनऊ की सीबीआई विशेष अदालत ने सार्वजनिक क्षेत्र की दूरसंचार कंपनी बीएसएनएल को करोड़ों रुपये के घाटे में धकेलने के मामले में दो वरिष्ठ अधिकारियों को दोषी करार दिया है। अदालत ने टेलीफोन एक्सचेंज के...
By Dec 1, 2025

डेढ़ करोड़ की हेरोइन के साथ लखनऊ में तीन तस्कर गिरफ्तार, नेटवर्क की जांच शुरू

लखनऊ में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी नार्कोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की गोरखपुर यूनिट ने रविवार शाम तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए तस्करों के पास से...
By Dec 1, 2025

साझा करें