डेढ़ करोड़ की हेरोइन के साथ लखनऊ में तीन तस्कर गिरफ्तार, नेटवर्क की जांच शुरू
लखनऊ में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी नार्कोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की गोरखपुर यूनिट ने रविवार शाम तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए तस्करों के पास से करीब डेढ़ करोड़ रुपये कीमत की 550 ग्राम हेरोइन, एक अर्टिगा कार, चार मोबाइल फोन और 8,900 रुपये नकद बरामद हुए हैं। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि इस गिरोह का नेटवर्क बाराबंकी से लखनऊ तक फैला हुआ है और यह लंबे समय से सक्रिय था।
सूत्रों के अनुसार, ANTF गोरखपुर यूनिट को मुखबिर से सूचना मिली थी कि हेरोइन की एक बड़ी खेप बाराबंकी से लखनऊ लाई जा रही है। इस सूचना के आधार पर टीम ने तत्काल विभूति खंड इलाके में विराज टावर के पास घेराबंदी कर ली। शाम को जब तस्कर अपनी अर्टिगा कार में सवार होकर पहुंचे, तो उन्हें रोक लिया गया। तलाशी लेने पर पुलिस को उनके पास से हेरोइन की खेप मिली, जिसे तुरंत जब्त कर लिया गया।
गिरफ्तार किए गए तस्करों की पहचान बाराबंकी के जैतपुर निवासी मो. अनस और नासिर अली, तथा लखनऊ के गोसाईगंज निवासी अरसलान के रूप में हुई है। पूछताछ के दौरान, तस्करों ने स्वीकार किया कि वे लंबे समय से बाराबंकी-लखनऊ मार्ग पर हेरोइन की आपूर्ति कर रहे थे। उन्होंने यह भी बताया कि तस्करी के लिए इसी अर्टिगा कार का इस्तेमाल किया जाता था। पुलिस ने जब्त किए गए मोबाइल फोन को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा है, ताकि गिरोह के अन्य सदस्यों और संपर्कों का पता लगाया जा सके।
इस संबंध में विभूति खंड थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। ANTF की टीम अब इस पूरे गिरोह की जड़ों तक पहुंचने के लिए गहन जांच-पड़ताल कर रही है, ताकि मादक पदार्थों की इस सप्लाई चेन को पूरी तरह से तोड़ा जा सके।
विदेश जाने वाले UP के युवाओं को मिलेगी भाषा और कौशल की खास ट्रेनिंग
सीएम योगी का IPS प्रशिक्षुओं को मंत्र: संवाद, संवेदनशीलता और सकारात्मकता से बनें प्रभावी पुलिस अधिकारी
सुप्रीम कोर्ट की यूपी सरकार को फटकार: ट्रैफिक अपराध माफी पर उठाए सवाल
बीएसएनएल करोड़ों के घोटाले में दो अधिकारी दोषी, दो साल की जेल और दस लाख जुर्माना
