बच्चों की सुरक्षा सामूहिक जिम्मेदारी: बेबी रानी मौर्य, बाल तस्करी रोकथाम पर जोर
मानव सेवा संस्थान सेवा की ओर से बाल तस्करी की रोकथाम व बाल संरक्षण तंत्र को मजबूत बनाने के उद्देश्य से लखनऊ में एक राज्य स्तरीय समन्वय बैठक का आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण बैठक में महिला एवं बाल विकास मंत्री बेबी रानी मौर्य मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। उन्होंने बाल तस्करी को एक गंभीर सामाजिक चुनौती बताते हुए कहा कि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। मंत्री मौर्य ने इस बात पर जोर दिया कि जब तक सभी संबंधित विभाग, एजेंसियां, संगठन और परिवार मिलकर समन्वित रूप से कार्य नहीं करेंगे, तब तक इस गंभीर समस्या का प्रभावी समाधान संभव नहीं है।
इस बैठक में सशस्त्र सीमा बल, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट, स्पेशल जुवेनाइल पुलिस यूनिट, महिला एवं बाल विकास विभाग, चाइल्ड वेलफेयर कमेटी, चाइल्डलाइन तथा विभिन्न गैर-सरकारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने बाल तस्करी की रोकथाम के लिए किए जा रहे प्रयासों, वर्तमान चुनौतियों और संभावित समाधानों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया। कार्यक्रम में राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के पूर्व अध्यक्ष देवेंद्र शर्मा, संस्थान के कार्यकारी निदेशक पुरु मयंक त्रिपाठी, लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व प्रोफेसर डॉक्टर एके सिंह, और बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष रविन्द्र जादोन ने भी अपने महत्वपूर्ण विचार व्यक्त किए। इस तरह के आयोजन बच्चों के सुरक्षित भविष्य के निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं।
