Lucknow-Ayodhya Road पर फ्लाईओवर का प्रस्ताव रद्द, जाम से राहत की उम्मीदों को झटका
लखनऊ से अयोध्या, गोरखपुर, गोंडा और बहराइच समेत पूर्वांचल के कई जिलों को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर रोजाना लगने वाले भीषण जाम से राहत मिलने की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है। लंबे समय से प्रस्तावित फ्लाईओवर निर्माण योजना को राज्य सरकार ने अचानक निरस्त कर दिया है। लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने इस परियोजना के लिए विस्तृत सर्वे कराया था और तकनीकी रूप से डीपीआर तैयार कर शासन को भेजी थी, लेकिन अब यह योजना फाइलों तक ही सीमित रह गई है।
यह निर्णय ऐसे समय में आया है जब अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के बाद इस मार्ग पर ट्रैफिक का दबाव कई गुना बढ़ गया है। हाईकोर्ट चौराहे से लेकर बीबीडी तक दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे आम लोगों, वकीलों और कर्मचारियों को कुछ किलोमीटर की दूरी तय करने में घंटों लग जाते हैं।
फ्लाईओवर प्रस्ताव रद्द होने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संबंधित विभागों को वैकल्पिक उपाय तलाशने के निर्देश दिए हैं। अब ट्रैफिक सुधार के लिए नए मॉडल, वैकल्पिक मार्ग, जंक्शन सुधार या अन्य संरचनात्मक उपायों पर विचार शुरू हो गया है। जिम्मेदार विभागों को नया प्रस्ताव तैयार करने को कहा गया है, ताकि अयोध्या रोड पर ट्रैफिक का दबाव किसी न किसी तरह कम किया जा सके।
इस मार्ग पर ट्रैफिक की समस्या इतनी गंभीर है कि उच्च न्यायालय भी पहले इस पर सख्त टिप्पणी कर चुका है और ट्रैफिक सुधार के निर्देश दे चुका है। इसके बावजूद फ्लाईओवर जैसा ठोस समाधान रद्द होना कई सवाल खड़े कर रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अयोध्या के लिए अब ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे जैसे नए विकल्पों पर विचार करना आवश्यक है, क्योंकि मौजूदा सड़क का चौड़ीकरण भी बढ़ती भीड़ के लिए पर्याप्त नहीं होगा।
