भारतीय इलेक्ट्रिक पैसेंजर व्हीकल मार्केट में अगस्त 2026 के दौरान उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। इस अवधि में कुल 36,593 इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री हुई है, जो पिछले साल की तुलना में 85 प्रतिशत...
भारतीय इलेक्ट्रिक पैसेंजर व्हीकल मार्केट में अगस्त 2026 के दौरान उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। इस अवधि में कुल 36,593 इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री हुई है, जो पिछले साल की तुलना में 85 प्रतिशत अधिक है (automobile news)। इस तेजी के बीच महिंद्रा ने घरेलू ऑटो बाजार में बड़ा उलटफेर करते हुए टाटा मोटर्स को पीछे छोड़ दिया है और बिक्री के मामले में नया मुकाम हासिल किया है।
महिंद्रा की नई पेशकश एक्सईवी 9एस देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली इलेक्ट्रिक कार बन गई है। कंपनी ने इस थ्री-रो एसयूवी की 4,508 यूनिट्स बेची हैं, जबकि टाटा पंच ईवी 4,430 यूनिट्स के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गई है। दोनों गाड़ियों की बिक्री में केवल 78 यूनिट्स का अंतर रहा है, जो कड़े मुकाबले को दर्शाता है। इस सेगमेंट के विस्तार से ग्राहकों को बेहतर विकल्प मिल रहे हैं और प्रदूषण कम करने की दिशा में भी यह एक सकारात्मक कदम है।
बैटरी विकल्प और ड्राइविंग रेंज
महिंद्रा एक्सईवी 9एस तीन अलग-अलग बैटरी पैक- 59kWh, 70kWh और 79kWh के विकल्पों में आती है। यह एसयूवी सिंगल चार्ज पर 521 किलोमीटर से लेकर 679 किलोमीटर तक की क्लेम्ड रेंज प्रदान करती है। इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 20.65 लाख रुपये तय की गई है। वर्तमान में टाटा के पोर्टफोलियो में इस 7-सीटर एसयूवी के मुकाबले की कोई सीधी इलेक्ट्रिक गाड़ी उपलब्ध नहीं है, जिसका सीधा फायदा महिंद्रा को मिल रहा है।
टॉप-5 बेस्ट सेलिंग इलेक्ट्रिक कारें
बिक्री के आंकड़ों के मुताबिक, अगस्त 2026 में टाटा नेक्सॉन ईवी 3,975 यूनिट्स के साथ तीसरे स्थान पर रही। चौथे पायदान पर एमजी विंडसर रही, जिसकी 3,705 यूनिट्स बिकीं। वहीं, पांचवें स्थान पर टाटा हैरियर ईवी रही, जिसकी 2,103 यूनिट्स ग्राहकों ने खरीदीं। हालांकि टॉप-5 की सूची में टाटा की तीन गाड़ियां शामिल हैं, लेकिन महिंद्रा की इस नई सफलता ने साफ कर दिया है कि भारतीय बाजार में अब बड़े आकार की और लंबी रेंज वाली इलेक्ट्रिक गाड़ियों की मांग तेजी से बढ़ रही है।