वाइट हाउस में ट्रंप और जिनपिंग की ऐतिहासिक बैठक, संबंधों को सुधारने पर जोर | world news
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच वाइट हाउस में हुई उच्चस्तरीय बैठक ने वैश्विक कूटनीति का ध्यान खींचा है। एक दशक से अधिक समय बाद अमेरिका की यात्रा पर पहुंचे चीनी राष्ट्रपति का औपचारिक स्वागत किया गया। इस दौरान दोनों महाशक्तियों के बीच आपसी अविश्वास को कम करने और सहयोग के नए रास्ते तलाशने पर गंभीर चर्चा हुई [world news]।
बातचीत के दौरान व्यापारिक तनाव, कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी एआई (AI), और ताइवान जैसे संवेदनशील मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया। चीनी राष्ट्रपति ने स्पष्ट किया कि दोनों देशों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा होनी चाहिए, लेकिन संघर्ष या टकराव से बचना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि अमेरिका और चीन के बीच रेस होनी चाहिए, रेसलिंग नहीं, जिसका अर्थ है कि एक की हार पर दूसरे की जीत निर्भर नहीं होनी चाहिए।
वैश्विक स्तर पर इस मुलाकात का बड़ा कूटनीतिक महत्व है। दोनों देशों के बीच लंबे समय से चले आ रहे ट्रेड वॉर और टैरिफ विवादों को थामने के लिए मौजूदा समझौतों को आगे बढ़ाने पर सहमति बनी है। इसके अलावा, एआई के विकास को इंसानों के नियंत्रण में रखने और भविष्य की सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए साझा रणनीति पर भी विचार किया गया।
