कानपुर में केडीए का बुलडोजर गरजा, 60 बीघा जमीन कब्जामुक्त
कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) ने शहर के रूमा, अहिरवां और वाजिदपुर क्षेत्रों में एक बड़ा अभियान चलाया, जिसके तहत सरकारी भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाया गया। बुधवार को प्राधिकरण का बुलडोजर गरजा और लगभग 60 बीघा जमीन को कब्जामुक्त कराया गया। इस कार्रवाई से सरकारी संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित हुई है।
अभियान के दौरान, रूमा में सात-सात बीघा और वाजिदपुर में पांच बीघा जमीन पर बने अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया गया। इसके अलावा, अहिरवां में कई भूखंडों पर कुल 41 बीघा जमीन पर हुए निर्माणों को भी आंशिक रूप से ढहाया गया। केडीए की इस कार्रवाई से सरकारी भूमि पर अतिक्रमण करने वालों में हड़कंप मच गया है।
अवैध प्लॉटिंग पर भी कसा शिकंजा
सरकारी जमीन को कब्जामुक्त कराने के साथ-साथ, केडीए ने 85 बीघा जमीन पर हो रही अवैध प्लॉटिंग को भी चिह्नित किया है। जोन चार के विभिन्न इलाकों में बिना नक्शे के प्लॉटिंग करने वाले करीब 20 डेवलपर्स को नोटिस जारी किया गया है। उन्हें शमन मानचित्र दाखिल करने के लिए 15 दिनों का समय दिया गया है। प्रयागराज हाईवे पर स्थित सरसौल में जंगल स्प्रिंग वाटर पार्क के प्रबंधक और एप्लस होटल के प्रबंधक को भी नोटिस भेजा गया है, जहां तेजी से पक्के निर्माण हो रहे थे।
कई अन्य डेवलपर्स और निर्माणकर्ताओं को भी नोटिस
हाथीपुर अंडरपास के पास, परसौली, किदवई नगर, कृष्णा नगर और गांधीग्राम जैसे इलाकों में भी कई व्यक्तियों और संस्थाओं को अवैध निर्माण और प्लॉटिंग के संबंध में नोटिस जारी किए गए हैं। केडीए ने पांच अन्य निर्माण कार्यों को ढहाने के लिए 27 जून की तारीख भी तय की है। यह अभियान सरकारी भूमि के संरक्षण और सुनियोजित विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
