संत प्रेमानंद महाराज के दर्शन की जिद में 1600 किमी दूर बॉर्डर जा पहुंचा युवक | madhya pradesh news
वृंदावन के प्रख्यात संत प्रेमानंद महाराज के विचारों और प्रवचनों का युवाओं पर किस हद तक प्रभाव है, इसका एक अनोखा मामला सामने आया है। मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के रायलबेड़ा का रहने वाला राजेंद्र सिंह चौहान महाराज के दर्शन करने के जुनून में बिना बताए घर से निकल गया था। परिजनों द्वारा लगातार तलाश किए जाने के बाद स्थानीय थाने में गुमशुदगी का मामला दर्ज कराया गया था।
पुलिस ने जब तकनीकी जांच और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, तो युवक के खंडवा के रास्ते मथुरा-वृंदावन की ओर जाने का अंदेशा हुआ। हालांकि, इस बीच एक हैरान करने वाली खबर जम्मू से सामने आई। जम्मू के एक सजग सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और समाजसेवी को यह युवक सैनिक कॉलोनी इलाके में अकेला घूमता हुआ मिला। युवक की मानसिक स्थिति और उसकी बातों को भांपते हुए उन्होंने उसे अपने पास सुरक्षित रखा और पुलिस की मदद से परिजनों से संपर्क साधा।
युवक के जम्मू में होने की पुख्ता जानकारी मिलने के बाद खरगोन पुलिस की एक टीम तुरंत रवाना हुई और लगभग 1600 किलोमीटर की लंबी दूरी तय करके वहां पहुंची। कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद पुलिस ने युवक को उसके परिजनों को सौंप दिया। पूछताछ में यह बात सामने आई कि युवक लंबे समय से सोशल मीडिया पर प्रेमानंद महाराज के वीडियो देख रहा था और उनके प्रति गहरी आस्थता के चलते वह रास्ता भटककर इतनी दूर जा पहुंचा था। इस सुरक्षित वापसी से दिव्यांग पिता और पूरे परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई है।
