बिहार में राजनीतिक सरगर्मी तेज: नीतीश कुमार 10वीं बार लेंगे मुख्यमंत्री पद की शपथ
बिहार में राजनीतिक हलचल अपने चरम पर है। राज्य में नई सरकार के गठन की प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है, जिसमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेना तय माना जा रहा है। जानकारी के अनुसार, शपथ ग्रहण समारोह 19 फरवरी को आयोजित हो सकता है।
सूत्रों के हवाले से मिली खबर के अनुसार, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सोमवार को राज्य कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक करेंगे। इस बैठक का मुख्य एजेंडा नई सरकार के गठन का मार्ग प्रशस्त करने के लिए राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपना होगा। कैबिनेट बैठक के तत्काल बाद, नीतीश कुमार राजभवन के लिए रवाना होंगे।
राजभवन में इस्तीफा सौंपने के बाद, राजनीतिक घटनाक्रम और तेजी से आगे बढ़ेगा। जदयू ने अपने सभी विधायकों को सोमवार से ही पटना में मौजूद रहने का निर्देश दिया है। पहले जदयू विधायक दल की बैठक होगी, जिसमें नीतीश कुमार को सर्वसम्मति से विधायक दल का नेता चुना जाएगा। यह बैठक मुख्यमंत्री आवास पर होने की संभावना है।
जदयू विधायक दल की बैठक के उपरांत, एनडीए विधायक दल की भी बैठक बुलाई जाएगी। इस बैठक में एनडीए के सभी घटक दल सरकार बनाने के लिए अपनी सहमति देंगे और नीतीश कुमार को एक बार फिर अपना नेता चुनेंगे। इसके तुरंत बाद, नीतीश कुमार राज्यपाल के समक्ष सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे।
दिल्ली में भी बिहार के राजनीतिक घटनाक्रम को लेकर उच्च स्तरीय बैठकें चल रही हैं। जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा और केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने भाजपा के शीर्ष नेताओं के साथ विचार-विमर्श किया है। इसके अतिरिक्त, उपेंद्र कुशवाहा और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी को भी दिल्ली में रहने को कहा गया है, जो गठबंधन में उनकी भूमिका को दर्शाता है। इन सभी गतिविधियों के बाद, यह संभावना जताई जा रही है कि बुधवार तक नई सरकार का शपथ ग्रहण समारोह संपन्न हो जाएगा। शुरुआती रिपोर्ट्स में गांधी मैदान में शपथ ग्रहण की बात सामने आई थी, लेकिन अंतिम निर्णय अभी प्रतीक्षित है।
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