दूसरी शादी के बाद बच्चों को छोड़ा, मां पर पेंशन और नौकरी की सैलरी हड़पने का आरोप | agra news
उत्तर प्रदेश के आगरा शहर में एक बेहद संवेदनशील मामला सामने आया है, जहां परिवार की जिम्मेदारियों को दरकिनार कर एक मां द्वारा बच्चों को बेसहारा छोड़ने का प्रकरण तूल पकड़ चुका है। नगर निगम में मृतक कर्मचारी की पत्नी को मिली अनुकंपा नौकरी और पेंशन को लेकर उपजा यह विवाद अब थाने तक पहुंच गया है, जिससे पारिवारिक रिश्तों की मर्यादा तार-तार होती नजर आ रही है।
मामले की शुरुआत तब हुई जब नगर निगम में सफाई कर्मचारी के रूप में कार्यरत राकेश का निधन हो गया। इसके बाद परिवार की आजीविका चलाने के लिए उनकी पत्नी मधु को आश्रित कोटे के तहत नगर निगम में नौकरी मिल गई। आरोप है कि नौकरी मिलने और आर्थिक रूप से सक्षम होने के बाद महिला ने अपने दोनों नाबालिग बच्चों को उनकी बुजुर्ग दादी के भरोसे छोड़ दिया और सोनू नामक व्यक्ति के साथ दूसरी शादी कर ली। बच्चों का आरोप है कि मां ने उन्हें खर्च के लिए एक भी रुपया देना बंद कर दिया है, जिससे वे दो वक्त की रोटी और पढ़ाई के लिए मोहताज हो चुके हैं।
इस पारिवारिक उपेक्षा और आर्थिक संकट के खिलाफ जब बड़े बेटे ने आवाज उठाई और प्रशासनिक अधिकारियों से शिकायत की, तो स्थिति और बिगड़ गई। आरोप है कि शिकायत से गुस्साए मां के दूसरे पति सोनू ने बेटे को रास्ते में रोककर न सिर्फ बेरहमी से पीटा, बल्कि केस वापस न लेने पर जान से मारने की धमकी भी दी। किसी तरह जान बचाकर लौटे पीड़ित ने स्थानीय थाने में न्याय की गुहार लगाई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर थाना सदर में मां और उसके दूसरे पति सहित अन्य के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी सोनू को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य पहलुओं पर गहनता से जांच की जा रही है। इस तरह के मामलों से समाज में पारिवारिक मूल्यों के पतन और बच्चों के अधिकारों के हनन पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
