लखनऊ में किसानों ने घेरा Nagar Nigam मुख्यालय, सड़क-सीवर की समस्याओं पर फूटा गुस्सा
लखनऊ में मंगलवार को भारतीय किसान यूनियन (अराजनीतिक) के नेतृत्व में सैकड़ों किसानों ने नगर निगम मुख्यालय का घेराव किया। प्रदर्शनकारियों ने अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए क्षेत्र की लंबित सड़क और बुनियादी ढाँचे की समस्याओं के समाधान की मांग की। किसानों का कहना है कि नगर निगम की लापरवाही के कारण ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों की मूलभूत समस्याएं लगातार बढ़ती जा रही हैं।
अवैध कब्जों पर कार्रवाई न होने से आक्रोश
किसानों ने सरसावा चक मार्ग पर अवैध कब्जे को लेकर विशेष नाराजगी जताई। उनका आरोप है कि अवैध कब्जा होने के बावजूद नगर निगम कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। किसानों ने बताया कि संयुक्त टीम द्वारा सर्वे कर कब्जे की पुष्टि की गई थी और रिपोर्ट भी सौंपी गई, लेकिन अब तक मार्ग को खाली नहीं कराया गया है। इससे किसानों और स्थानीय लोगों को आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
सड़कों की बदहाली और सीवर लाइन की समस्या
प्रदर्शनकारियों ने वृंदावन योजना सेक्टर-4बी को जाने वाली 24 मीटर चौड़ी सड़क की जर्जर हालत का मुद्दा भी उठाया। किसानों का कहना है कि न तो यहां इंटरलॉकिंग कराई जा रही है और न ही नाली का निर्माण हो रहा है, जिससे जलभराव और आवागमन की समस्या बनी रहती है। इसी तरह सेक्टर-7सी चिरैया बाग मार्ग की खराब स्थिति को लेकर भी आक्रोश जताया गया। किसानों ने यहां सीसी रोड और नाली निर्माण की मांग की।
किसानों ने शारदा नगर द्वितीय वार्ड में पुलिस चौकी से रायबरेली रोड तक सड़क की खराब स्थिति का मुद्दा उठाते हुए इसे दुरुस्त कराने की मांग की। वहीं, शीतलखेड़ा की पुरानी आबादी में वर्षों से पड़ी बड़ी सीवर लाइन को अब तक चालू न किए जाने पर भी नाराजगी जताई गई। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
