गाजियाबाद के गोल चक्करों का होगा कायाकल्प, ग्रीनलैंड थीम से सजेगी सुंदरता
गाजियाबाद शहर को अधिक हरा-भरा और सुंदर बनाने की दिशा में गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। प्राधिकरण की योजना शहर के गोल चक्करों को एक नया और आधुनिक स्वरूप देने की है, जिसमें पर्यावरण संरक्षण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इस योजना के पहले चरण में, पांच प्रमुख गोल चक्करों का चयन किया गया है जिन्हें ‘ग्रीनलैंड थीम’ पर विकसित किया जाएगा। इस अनूठी पहल का दोहरा उद्देश्य है: शहर में वायु प्रदूषण के स्तर को कम करना और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाना।
जीडीए के उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने बताया कि यह परियोजना दो चरणों में पूरी की जाएगी। वर्तमान में, संबंधित क्षेत्रीय अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित गोल चक्करों का विस्तृत सर्वेक्षण कर रहे हैं। इस सर्वेक्षण के पूरा होने के बाद, पहले चरण के लिए पांच गोल चक्करों के अंतिम चयन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। यह सूची अगले 10 दिनों के भीतर अंतिम रूप ले लेगी।
सूत्रों के अनुसार, पहले चरण में शामिल किए जाने वाले प्रमुख गोल चक्करों में मधुबन बापूधाम, राजनगर एक्सटेंशन, कोयल एन्क्लेव और इंद्रप्रस्थ योजना क्षेत्र के चौराहे शामिल हो सकते हैं। विशेष रूप से, राजनगर एक्सटेंशन के दो गोल चक्करों, जिनमें अजनारा हाइट्स और आशियाना सोसायटी के निकट के चौराहे प्रमुख हैं, को भी प्रस्तावित सूची में शामिल किया गया है। इन चौराहों के विकास में किसी भी प्रकार की कठोर निर्माण सामग्री का उपयोग नहीं किया जाएगा, जिससे प्राकृतिक सौंदर्य बना रहे।
इन हरे-भरे चौराहों पर न केवल ऐसे पौधे लगाए जाएंगे जो वायु प्रदूषण को सोखने में मदद करते हैं, बल्कि विभिन्न प्रकार के औषधीय गुणों वाले पौधे भी रोपे जाएंगे। इससे न केवल पर्यावरण को लाभ होगा, बल्कि स्थानीय निवासियों को भी औषधीय पौधों की उपलब्धता का अप्रत्यक्ष रूप से लाभ मिल सकता है। इस परियोजना के विकास के लिए योजनागत निधि और स्थापना निधि का उपयोग किया जाएगा। यह पहल गाजियाबाद को एक स्वच्छ और स्वस्थ शहर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है।
