गाजियाबाद में महिला पर मकान पर अवैध कब्जे का आरोप, बिल्डर ने दर्ज कराई FIR
गाजियाबाद के शालीमार गार्डन थाना क्षेत्र में एक महिला पर बिल्डर से किराए पर लिया गया मकान खाली न करने और उस पर अवैध कब्जा करने का गंभीर आरोप लगा है। पीड़ित बिल्डर के अनुसार, महिला ने दो महीने किराया देने के बाद भुगतान बंद कर दिया और मकान खाली कराने के प्रयास पर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। यह मामला स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है, क्योंकि इस तरह की घटनाएं संपत्ति के अधिकारों को लेकर चिंताएं बढ़ाती हैं।
मामले की जानकारी के अनुसार, लोनी के चिरोड़ी निवासी बिल्डर प्रवेश बसोया ने शालीमार गार्डन एक्सटेंशन में एक इमारत बनवाई थी। वर्ष 2020-21 में उन्होंने रेखा त्यागी नामक महिला को एक आवासीय इकाई किराए पर दी थी, जिसके लिए 11 महीने का एग्रीमेंट हुआ था। बिल्डर का आरोप है कि महिला ने केवल दो महीने का किराया दिया और उसके बाद भुगतान रोक दिया।
जब बिल्डर ने महिला से किराए के बकाया की मांग की और मकान खाली करने को कहा, तो वह लगातार टालमटोल करती रही। वर्ष 2022 में जब बिल्डर स्वयं मकान खाली कराने पहुंचे, तो महिला ने उन्हें झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। सामाजिक मध्यस्थता के प्रयासों के बावजूद, महिला ने मकान खाली करने से इनकार कर दिया, जिससे मामला पुलिस तक पहुंचा।
एसीपी शालीमार गार्डन अतुल कुमार सिंह ने बताया कि एग्रीमेंट के आधार पर एंटी फ्राड सेल से मामले की जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना से संपत्ति विवादों को लेकर बिल्डरों और किराएदारों के बीच कानूनी जटिलताओं का पता चलता है।
