लखनऊ में रियल एस्टेट कंपनी के दफ्तर का घेराव, निवेशकों ने मांगा कब्जा
लखनऊ में मुख्यमंत्री आवास के सामने स्थित एक अपार्टमेंट में रियल एस्टेट कंपनी के कार्यालय पर रविवार को निवेशकों ने जमकर हंगामा किया। आगरा, पीलीभीत, कानपुर और अन्य जिलों से आए पीड़ित निवेशक कंपनी के निदेशक से मिलने पहुंचे। उनका आरोप है कि आठ से दस साल पहले फ्लैट और प्लॉट बुक करवाने के बावजूद उन्हें अभी तक कब्जा नहीं मिला है, और कुछ मामलों में तो मौके पर प्लॉट भी नहीं बचे हैं।
पीड़ितों ने बताया कि उनसे लाखों रुपये वसूले गए हैं, लेकिन वादे के मुताबिक उन्हें न तो कब्जा मिला है और न ही उनके पैसे वापस किए गए हैं। इस कारण उन्होंने कंपनी के निदेशक को सुबह से शाम तक घेरे रखा।
आखिरकार, शाम को कंपनी के निदेशक द्वारा तीन महीने के भीतर कब्जा देने के आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ। निवेशकों ने चेतावनी दी है कि यदि तय समय में कब्जा या पैसा वापस नहीं मिला, तो वे एफआईआर दर्ज कराने से पीछे नहीं हटेंगे। इस घटना ने रियल एस्टेट क्षेत्र में निवेशकों के भरोसे और उनके अधिकारों के हनन के मुद्दे को फिर से उजागर किया है।
