KGMU conversion case: धर्मांतरण में फर्जी दस्तावेज बनाने वाला आरोपी शारिक खान जेल भेजा गया
लखनऊ के KGMU धर्मांतरण और यौन शोषण मामले में आरोपी डॉक्टर रमीज मलिक के करीबी शारिक खान को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। शारिक पर आगरा की महिला डॉक्टर के निकाह और धर्मांतरण से जुड़े फर्जी दस्तावेज बनाने का आरोप है। पुलिस ने शारिक के खिलाफ कूटरचित दस्तावेज तैयार करने की धाराएं भी बढ़ाई हैं। शारिक की गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
इंस्पेक्टर चौक नागेश उपाध्याय के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी शारिक खान मूल रूप से पीलीभीत के न्योरिया का रहने वाला है। शारिक और रमीज के पिता दोनों दोस्त हैं। इस कारण शारिक और रमीज में भी बहुत अच्छी पटती है। शारिक काफी समय रमीज के साथ उत्तराखंड के खटीमा स्थित उसके घर पर भी रहा है। रमीज जब आगरा की महिला डॉक्टर को पीलीभीत लेकर गया था, तब शारिक ने ही उसके निकाह और धर्मांतरण से जुड़े कई फर्जी दस्तावेज बनवाए थे। इसके अलावा उसके निकाहनामा में गवाह बनकर हस्ताक्षर भी शारिक ने किए थे। आगरा की।
KGMU conversion case के आरोपी रमीज मलिक पर हिंदू लड़कियों को टारगेट करने का आरोप है। वह उन्हें हिंदू धर्म की कमियां बताता था और इस्लाम कबूल करने के लिए प्रेरित करता था। रमीज, प्रेमजाल में फंसी हिंदू महिला डॉक्टरों से कहता था कि तुम्हारे तमाम देवता हैं, मेरा सिर्फ अल्लाह है। इस्लाम कबूल करो, तुम्हें जन्नत नसीब होगी। इस तरह वह उनका ब्रेन वॉश करता था। इंस्पेक्टर चौक पुलिस ने बताया कि रमीज मलिक के बेहद करीबी शारिक ने पूछताछ में यह जानकारी दी। शारिक ने बताया कि रमीज मुस्लिम युवाओं को हिंदू लड़कियों को प्रेम जाल में फंसाने के लिए उकसाता था।
शारिक की गिरफ्तारी के लिए डीसीपी ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। इंस्पेक्टर चौक ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी शारिक ने अपना पासपोर्ट भी बनवा लिया था। वह विदेश भागने की फिराक में था। पुलिस अगर समय रहते उसे न पकड़ती तो वह विदेश भाग जाता।
KGMU लखनऊ के रेजीडेंट डॉक्टर रमीज मलिक का निकाह कराने वाले काजी के खिलाफ लखनऊ कोर्ट ने गैर जमानती वारंट जारी किया है। लखनऊ की चौक पुलिस ने काजी की गिरफ्तारी को लेकर पीलीभीत पुलिस से सहयोग मांगा है। जल्द ही लखनऊ पुलिस पीलीभीत आकर काजी की गिरफ्तारी कर सकती है।
