स्वास्थ्य सेवा में सुधार के लिए नर्सिंग शोध का महत्व: KGMU में राष्ट्रीय सम्मेलन
लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए नर्सिंग शोध की अहमियत को रेखांकित किया गया। कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद ने कहा कि यदि नर्सिंग प्रैक्टिस को शोध आधारित बनाया जाए, तो मरीजों को अधिक सुरक्षित, प्रभावी और मानवीय देखभाल प्रदान की जा सकती है। यह कदम स्वास्थ्य सेवा की गुणवत्ता में महत्वपूर्ण सुधार लाएगा।
सम्मेलन में देशभर से आए नर्सिंग शिक्षकों, शोधार्थियों और विशेषज्ञों ने भाग लिया। कुलपति डॉ. नित्यानंद ने इस बात पर जोर दिया कि अस्पताल में नर्सें मरीजों के सबसे करीब होती हैं और उनके अनुभव स्वास्थ्य व्यवस्था को बेहतर बनाने का एक मजबूत आधार प्रदान कर सकते हैं। इन व्यावहारिक अनुभवों को वैज्ञानिक शोध और प्रमाण-आधारित तथ्यों से जोड़ना वर्तमान समय की एक बड़ी आवश्यकता है।
डीन नर्सिंग एंड पैरामेडिकल डॉ. केके सिंह ने साक्ष्य-आधारित अनुसंधान और व्यावहारिक अनुभव के बीच एक सेतु बनाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने बताया कि जब व्यावहारिक अनुभव और शोध के निष्कर्ष एक साथ आते हैं, तो इलाज की गुणवत्ता और मरीज की संतुष्टि दोनों में उल्लेखनीय सुधार होता है। नर्सिंग शिक्षा में शोध को अधिक प्रोत्साहन दिया जाना चाहिए ताकि नई पीढ़ी की नर्सें वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ कार्य कर सकें। इससे न केवल अस्पतालों की कार्यप्रणाली सुदृढ़ होगी, बल्कि संपूर्ण स्वास्थ्य तंत्र को भी मजबूती मिलेगी।
लखनऊ के खिलाड़ियों को मिलेगी विश्व स्तरीय सुविधाएं, चौक स्टेडियम में बनेगा नया जिम
प्रधानी चुनाव की रंजिश में फल विक्रेता पर हमला, कोर्ट के आदेश पर FIR दर्ज
दुबग्गा में ईंटों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली से वैन की भीषण टक्कर, वैन चालक की दर्दनाक मौत, 3 घायल
लखनऊ: बस और ई-रिक्शा के जाम से शहर बेहाल, लाखों लोग परेशान
पत्नी से झगड़े के बाद युवक ने लगाई फांसी, मोहनलालगंज में सनसनी
लखनऊ: आरकेस्ट्रा संचालक ने छात्रा से दुष्कर्म कर फोटो की वायरल, 24 घंटे में अरेस्ट
Lucknow Weather: घट रही ठंड, दिन में धूप से बढ़ा पारा; जानें अगले कुछ दिनों का पूर्वानुमान
लखनऊ में DM के सामने फूट-फूटकर रोई छात्रा, ‘फीस नहीं भरी तो कैसे दूंगी बोर्ड परीक्षा’; DM ने तुरंत की मदद
