उत्तर प्रदेश के कानपुर में आवारा कुत्तों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। ताजा घटना जाजमऊ क्षेत्र के मनोहर नगर की है, जहां गुरुवार देर शाम कुत्तों के झुंड ने 12 साल...
उत्तर प्रदेश के कानपुर में आवारा कुत्तों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। ताजा घटना जाजमऊ क्षेत्र के मनोहर नगर की है, जहां गुरुवार देर शाम कुत्तों के झुंड ने 12 साल के एक बच्चे पर हमला कर दिया। इस हमले में बच्चे के हाथ और पैर में गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे 10 टांके लगाने पड़े। घटना के बाद से बच्चा इतना डरा हुआ है कि वह स्कूल की परीक्षाएं भी नहीं दे पा रहा है।
मनोहर नगर निवासी मुशीर आलम का बेटा आरिश आलम कक्षा पांच का छात्र है। गुरुवार शाम को वह दुकान से सामान लेकर घर लौट रहा था। घर के गेट के ठीक बाहर अचानक आवारा कुत्तों के झुंड ने उसे घेर लिया और हमला कर दिया। डरे हुए बच्चे ने भागने की कोशिश की, लेकिन कुत्तों ने उसे गिराकर बुरी तरह नोच डाला। बच्चे की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और किसी तरह कुत्तों को भगाया।
परिजनों ने घायल आरिश को तुरंत पास के निजी अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने बताया कि बच्चे के दाहिने हाथ में गहरा घाव था, जिस पर 10 टांके लगाने पड़े। साथ ही पैर में भी गंभीर चोटें आई हैं। पिता मुशीर आलम ने बताया कि घटना के बाद से आरिश गहरे सदमे में है। वह रात में ठीक से सो नहीं पा रहा है और दर्द के कारण बार-बार रोता है। इन दिनों उसकी परीक्षाएं चल रही हैं, लेकिन डॉक्टरों की सलाह पर उसे आराम करना पड़ रहा है, जिससे उसके कई पेपर छूट गए हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है। कई बार नगर निगम से शिकायत की गई, लेकिन कुत्तों को पकड़ने के लिए कोई कार्रवाई नहीं की गई। यह पहली घटना नहीं है, इससे पहले भी शहर में कई बच्चों पर कुत्तों के हमले हो चुके हैं। अगस्त 2025 में चकेरी क्षेत्र में एक छात्रा के चेहरे पर कुत्तों ने हमला किया था, जिसमें 17 टांके आए थे। फरवरी 2026 में कैंट इलाके में भी चार साल के बच्चे को कुत्तों ने काट लिया था। लगातार हो रही इन घटनाओं से लोगों में डर और नाराजगी बढ़ती जा रही है।