उत्तराखंड में बाघ का खौफनाक हमला: चारा काट रही महिला को घसीटकर ले गया, खेत में मिला शव
उत्तराखंड के कोटद्वार में रिखणीखाल प्रखंड के अमलेशा ग्रामसभा के डाल्यूंगाज तोकग्राम में एक दुखद घटना घटी। 60 वर्षीय उर्मिला देवी पत्नी राजेंद्र सिंह अपनी बहू प्रिया के साथ घर के समीप ही मवेशियों के लिए चारा पत्ती काट रही थीं। यह घटना शुक्रवार शाम करीब पांच बजे हुई।
इसी दौरान घर से बच्चे के रोने की आवाज सुनकर प्रिया घर आ गईं, और उर्मिला देवी अकेली चारापत्ती उठाने लगीं। तभी अचानक एक बाघ ने उन पर हमला कर दिया। बाघ उर्मिला देवी को घसीटता हुआ घटनास्थल से करीब पचास मीटर दूर ऊपर वाले खेत में ले गया।
काफी देर तक जब सास वापस नहीं आईं तो उनकी बहू प्रिया उन्हें ढूंढने खेत में पहुंची। खेत में सास को न देख उन्होंने आसपास तलाशा तो कुछ दूरी पर उर्मिला देवी का शव पड़ा हुआ था और समीप ही बाघ बैठा हुआ था। प्रिया का शोर सुनकर अन्य ग्रामीण मौके पर पहुंचे, जिसके बाद बाघ जंगल की ओर चला गया।
घटना की सूचना मिलते ही कालागढ़ टाइगर रिजर्व फारेस्ट वन प्रभाग की टीम मौके पर पहुंच गई और महिला के शव को घर ले आई। क्षेत्रीय विधायक दिलीप सिंह रावत ने भी मौके पर पहुंचकर दुख व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि लंबे समय से वन कानूनों में ढील देने की मांग की जा रही है ताकि आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि इसका नतीजा पूरे प्रदेश में आए दिन मानव-वन्य जीव संघर्ष की घटनाओं के रूप में सामने आ रहा है।
