गोरखपुर विकास मॉडल बनेगा विरासत गलियारा, CM योगी ने दिए सख्त निर्देश | Gorakhpur development
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में निर्माणाधीन विरासत गलियारा परियोजना का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि यह परियोजना सिटी डेवलपमेंट प्लान के लिए एक आदर्श मॉडल बनेगी। सीएम योगी ने कहा कि इस परियोजना की प्रगति लोगों के चेहरों पर दिख रही है, जो अफवाह फैलाने वालों के लिए जवाब है।
555.56 करोड़ रुपये की लागत से 3.50 किमी की लंबाई में बन रहा यह गलियारा धर्मशाला बाजार से पाण्डेयहाता तक फैला हुआ है। रविवार शाम सीएम योगी ने पाण्डेयहाता, नखास चौक और अलीनगर में रुककर निर्माण की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने ड्राइंग मैप और लेआउट का भी अवलोकन किया और आवश्यक निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री को बताया गया कि 2.20 किमी तक निर्माण पूरा हो चुका है, जबकि 1.30 किमी का कार्य शेष है। इस पर सीएम योगी ने कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्माण कार्य तेज करने और गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि इसमें किसी भी तरह की लापरवाही अक्षम्य होगी और समय पर काम पूरा न होने को भी लापरवाही माना जाएगा।
सीएम ने मार्ग पर स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था करने और तारों को अंडरग्राउंड करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि कहीं भी जलभराव की समस्या न हो और नाले पर समतल स्लैब डाले जाएं ताकि उनका उपयोग फुटपाथ के रूप में किया जा सके।
विरासत गलियारा के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने घंटाघर में करीब 28 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे बंधु सिंह कामर्शियल कॉम्प्लेक्स और मल्टीलेवल पार्किंग का भी जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि यहां अमर बलिदानी बंधु सिंह की मूर्ति के लिए भी जगह रखी जाए और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए भी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
