वेनेजुएला में 7.5 तीव्रता का विनाशकारी भूकंप, 32 की मौत, भारत ने की मदद की पेशकश | Venezuela earthquake
वेनेजुएला में आए दो विनाशकारी भूकंपों ने भारी तबाही मचाई है। बुधवार शाम को 7.2 और 7.5 तीव्रता के झटकों से देश हिल गया, जिससे कई शहरों में इमारतें ढह गईं और जानमाल का भारी नुकसान हुआ। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 32 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 700 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। राजधानी कराकस के पास आए इन भूकंपों के कारण कई इमारतों को खतरनाक नुकसान पहुंचा है।
भूकंप का पैमाना और आशंका
अमेरिकी जियोलॉजिकल सर्वे के अनुसार, भूकंप की तीव्रता काफी अधिक थी, जिससे बड़े पैमाने पर जान-माल के नुकसान की आशंका जताई गई है। रिपोर्टों के अनुसार, 10 हजार से ज्यादा लोगों के मारे जाने की 44% तक आशंका है, वहीं 30% आशंका एक लाख लोगों के जान गंवाने की भी है। कराकस एयरपोर्ट की छत का एक हिस्सा भी गिर गया, जिससे धूल का गुबार उठने लगा। यह वेनेजुएला में पिछले 126 सालों का सबसे बड़ा भूकंप बताया जा रहा है।
आपातकाल और राहत कार्य
कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने देश में राष्ट्रीय आपातकाल घोषित कर दिया है। प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्य तेजी से चल रहे हैं। गृह मंत्री डियोसदादो काबेलो ने बताया कि कई इमारतों को नुकसान पहुंचा है और एहतियातन प्रभावित इलाकों में गैस सप्लाई अस्थायी रूप से बंद कर दी गई है, ताकि गैस रिसाव या विस्फोट जैसी घटनाओं से बचा जा सके। स्थानीय अधिकारियों ने कुछ इलाकों में राहत अभियान पूरा कर लिया है और मलबे से शव बरामद किए हैं।
अंतर्राष्ट्रीय प्रतिक्रिया और भारत का सहयोग
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने X (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा कि भारत इस मुश्किल समय में वेनेजुएला के लोगों के साथ खड़ा है और जरूरत पड़ने पर हरसंभव सहायता देने के लिए तैयार है। यह भूकंप वेनेजुएला की भौगोलिक स्थिति के कारण आया है, जहां कैरिबियन प्लेट और साउथ अमेरिकन प्लेट आपस में मिलती हैं, जिससे भूकंप का खतरा अधिक रहता है।
