डॉ. अशोक चौधरी को मिली नीतीश कैबिनेट में जगह, बरबीघा के लाल को मिली मंत्री पद की सौगात
बिहार की राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के तहत, जनता दल (यूनाइटेड) के वरिष्ठ नेता डॉ. अशोक चौधरी को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के मंत्रिमंडल में मंत्री के रूप में शामिल किया गया है। यह नियुक्ति बरबीघा विधानसभा क्षेत्र से जुड़े उनके लंबे राजनीतिक सफर और अनुभव को देखते हुए की गई है। सूत्रों के अनुसार, उन्हें एक महत्वपूर्ण विभाग की जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है, जो उनके कद के अनुरूप होगी।
डॉ. अशोक चौधरी का राजनीतिक सफ़र 2000 में बरबीघा से विधायक चुने जाने के साथ शुरू हुआ था, जिसके बाद उन्हें कारा राज्य मंत्री बनाया गया। फरवरी 2005 में उन्होंने पुनः जीत हासिल की, हालांकि उसी वर्ष हुए एक उपचुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा। 2010 में जब बरबीघा विधानसभा सीट सामान्य श्रेणी के लिए आरक्षित हुई, तब भी उन्होंने सामान्य उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ा और दूसरे स्थान पर रहे, जो उनकी मजबूत पकड़ को दर्शाता है।
उनकी राजनीतिक विरासत उनके पिता डॉ. महावीर चौधरी से जुड़ी है, जो 1980 से 1995 तक कांग्रेस पार्टी के विधायक रहे और मंत्री पद पर भी सुशोभित हुए। डॉ. महावीर चौधरी अपनी सहज राजनीति और सामंजस्यपूर्ण व्यवहार के लिए जाने जाते थे और उन्हें बिहार के प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. श्रीकृष्ण सिंह का सानिध्य प्राप्त था।
डॉ. अशोक चौधरी ने किशोरावस्था से ही अपने पिता के साथ राजनीति में कदम रखा और कांग्रेस में एक मजबूत पहचान बनाई। वे प्रदेश अध्यक्ष भी बने। बाद में, लालू यादव की पार्टी के साथ गठबंधन का विरोध करते हुए वे जदयू में शामिल हो गए। बिहार में वे तीन बार मंत्री रह चुके हैं और उन्हें शिक्षा, भवन निर्माण तथा ग्रामीण कार्य जैसे महत्वपूर्ण विभागों का अनुभव है। उनकी पुत्री शांभवी, लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) से समस्तीपुर की सांसद हैं।
डॉ. अशोक चौधरी के मंत्री बनने की खबर से उनके समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई है। बरबीघा और शेखपुरा में जगह-जगह जश्न मनाया गया। इस अवसर पर इंद्रमोहन टुन्ना, अरविंद सिंह, अजय सिंह, अविनाश काजू, प्रिंस, छोटी, बीजेपी नेता बरुण सिंह, शंकु सिंह, चिंटू सिंह सहित कई गणमान्य व्यक्तियों ने उन्हें बधाई दी है और उनके मंत्री पद पर आसीन होने को क्षेत्र के लिए गौरव का क्षण बताया है। उनके अनुभव और नेतृत्व क्षमता का लाभ बिहार सरकार को अवश्य मिलेगा।
खजौली के विधायक अरुण शंकर प्रसाद बने कैबिनेट मंत्री, क्षेत्र में जश्न का माहौल
बिना बोले मोदी का गमछा लहराना, महागठबंधन के लिए नया नैरेटिव
बिहार चुनाव: मतदाता सूची संशोधन पर विवाद, पर आंकड़े कुछ और कहते हैं
बिहार चुनाव के नतीजों के बाद इंडी गठबंधन में गहरी दरार, सहयोगी दल हुए नाराज
बांका में एनडीए की क्लीन स्वीप, फिर भी मंत्रिमंडल में जिले को नहीं मिली जगह
बिहार मंत्रिमंडल: 20 जिलों को मिला प्रतिनिधित्व, वैशाली से तीन मंत्री शामिल
नीतीश के शपथ ग्रहण पर राजद के तीखे बोल, एनडीए की जीत को बताया ‘मैनेज्ड’
नीतीश कैबिनेट का नया चेहरा: 10 नए मंत्री शामिल, 19 पुराने चेहरों को झटका
