BHU news: 77वें गणतंत्र दिवस पर काशी हिंदू विश्वविद्यालय को मिली 490 करोड़ की सौगात
काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) ने 77वां गणतंत्र दिवस अत्यंत उत्साह और देशभक्ति के भाव के साथ मनाया। इस अवसर पर कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने विश्वविद्यालय के एम्फीथिएटर मैदान में राष्ट्रीय ध्वज फहराया। समारोह में विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों ने राष्ट्र सेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
कुलपति ने विश्वविद्यालय समुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि गणतंत्र दिवस राष्ट्रीय गौरव, एकता और संप्रभुता का उत्सव है। उन्होंने इस दिन को आत्ममंथन का अवसर बताया कि क्या हम समाज और देश के हित में अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस उन अनगिनत भारतीयों के बलिदान का स्मरण कराता है, जिन्होंने स्वतंत्र और संप्रभु भारत का सपना देखा और उसके लिए संघर्ष किया।
इस दौरान कुलपति ने विश्वविद्यालय के समग्र विकास के लिए 490 करोड़ रुपये की आठ प्रमुख परियोजनाओं की घोषणा की। इन परियोजनाओं को भारत सरकार से स्वीकृति मिल चुकी है। इनमें तीन प्रतिष्ठित छात्रावासों – रुइया, भगवान दास और सर्वपल्ली राधाकृष्णन छात्रावासों का नवीनीकरण शामिल है, जिससे छात्रावासों की क्षमता में वृद्धि होगी और सुविधाओं का उन्नयन किया जाएगा।
अन्य प्रमुख परियोजनाओं में कमच्छा परिसर का विकास, तीन विरासत भवनों (महिला महाविद्यालय, रसायन विज्ञान विभाग और भौतिकी विभाग) का नवीनीकरण, विद्यार्थी गतिविधि केंद्र का निर्माण, तथा कला संकाय, सामाजिक विज्ञान संकाय और पर्यावरण एवं धारणीय विकास संस्थान में नए लेक्चर थिएटर कॉम्प्लेक्स का निर्माण शामिल है। कुलपति ने एकीकृत परिसर सीसीटीवी परियोजना के कॉन्सेप्चुअल डिजाइन को भी मंजूरी मिलने की जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं की सुरक्षा के लिए शुरू किए गए सुरक्षा अलर्ट फीचर की सफलता पर भी प्रकाश डाला।
गणतंत्र दिवस समारोह में कुलपति ने उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए विद्यार्थियों एवं कर्मचारियों को भी सम्मानित किया। उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार के तीन सदस्यों को पद्म पुरस्कार से सम्मानित किए जाने पर बधाई दी। इनमें एन. राजम (पद्म विभूषण), डॉ. श्याम सुंदर और मंगला कपूर (पद्म श्री) शामिल हैं। उन्होंने कहा कि यह सम्मान विश्वविद्यालय की प्रतिभाओं के विकास की महान परंपरा को रेखांकित करता है।
समारोह में सेंट्रल हिंदू गर्ल्स स्कूल, रणवीर संस्कृत विद्यालय तथा सेंट्रल हिंदू ब्यॉयज स्कूल के विद्यार्थियों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं। कुलपति ने एनसीसी कैडेट्स की परेड का निरीक्षण किया, जिसके पश्चात मार्च-पास्ट हुआ। विभिन्न टुकड़ियों की एनसीसी परेड अत्यंत प्रभावशाली रही और इसे व्यापक सराहना मिली।
