भारत-दक्षिण अफ्रीका टेस्ट: प्रोटियाज 300 पार, भारतीय गेंदबाजों को कसी हुई गेंदबाजी की दरकार
भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच दूसरे टेस्ट मैच के दूसरे दिन का खेल जारी है। गुवाहाटी में खेले जा रहे इस मुकाबले में दक्षिण अफ्रीकी टीम ने दूसरे दिन के पहले सत्र में शानदार प्रदर्शन करते हुए 300 रनों का आंकड़ा पार कर लिया है। दिन की शुरुआत में क्रीज पर मौजूद केशव मुथुसामी और काइल वेर्रेने ने भारतीय गेंदबाजों को कोई खास मौका नहीं दिया और लगातार स्ट्राइक रोटेट करते हुए अपनी टीम को एक मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया है।
दूसरे दिन के खेल के पहले सत्र में दक्षिण अफ्रीका ने बिना कोई विकेट खोए रन बनाए, जो भारतीय टीम के लिए चिंता का विषय है। मुथुसामी और वेर्रेने ने संयमित बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया है। मुथुसामी, जो मुख्य रूप से अपनी स्पिन गेंदबाजी के लिए जाने जाते हैं, उन्होंने इस मैच में बल्ले से भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है। अर्धशतक के करीब पहुंचते ही उन्होंने कुछ आक्रामक शॉट भी खेले हैं, जिससे रन गति में इजाफा हुआ है। पिच बल्लेबाजी के लिहाज से अच्छी लग रही है, और मुथुसामी इसका फायदा उठाकर और रन जुटाना चाहेंगे।
सूत्रों के अनुसार, दक्षिण अफ्रीका की बल्लेबाजी काफी गहरी है और उनके पास नंबर 11 तक उपयोगी बल्लेबाज मौजूद हैं। ऐसे में भारतीय टीम के लिए उन्हें 400 रनों के पार जाने से रोकना एक बड़ी चुनौती होगी। यह उम्मीद जताई जा रही है कि जैसे-जैसे टेस्ट आगे बढ़ेगा, पिच और अधिक कठिन होती जाएगी। इसलिए, यह देखना अहम होगा कि भारतीय टीम दक्षिण अफ्रीका को कितने रनों पर रोक पाती है।
खेल के जानकारों का मानना है कि इस पिच पर 450 से ऊपर का स्कोर काफी मजबूत माना जाएगा। दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाजों ने दूसरे दिन के पहले घंटे में बिना विकेट खोए सूझबूझ का परिचय दिया है। गेंदबाजी अनुशासित रही है, लेकिन गुवाहाटी की परिस्थितियां कोलकाता की तरह गेंदबाजों के लिए मददगार नहीं हैं। ऐसे में दोनों टीमों को विकेट लेने के अवसर बनाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ेगी। भारतीय गेंदबाजों को अपनी रणनीति में आक्रामकता लानी होगी और मेहमान टीम को जोखिम उठाने के लिए मजबूर करना होगा, ताकि रन गति पर अंकुश लगाया जा सके।
