बदनामी के डर से छात्रा ने गंवाई जान, दरिंदों से बचने के बाद समाज से हारी
समस्तीपुर के मोहिउद्दीननगर थाना क्षेत्र के मदुदाबाद गोरियारी टोला में एक इंटर की छात्रा के आत्महत्या करने का मामला सामने आया है। घटना उस वक्त और भी गंभीर हो गई जब परिजनों ने बताया कि छात्रा कुछ युवकों द्वारा जबरन घर से खींचे जाने के प्रयास के बाद से मानसिक रूप से काफी परेशान थी।
सूत्रों के अनुसार, घटना वाले दिन दर्जनभर से अधिक युवक छात्रा को उसके किराए के मकान से जबरन ले जाने की कोशिश कर रहे थे। शोर सुनकर आसपास के लोगों और मकान में रहने वाले अन्य किरायेदारों की मदद से छात्रा को बचाया जा सका। हालांकि, इस घटना ने छात्रा को अंदर से झकझोर दिया था और वह बुरी तरह मानसिक रूप से टूट चुकी थी।
परिजनों का कहना है कि इस घटना के बाद से छात्रा लगातार बदनामी और सामाजिक भय से ग्रस्त थी। पारिवारिक इज्जत और लोकलाज के डर ने उसे इतना तोड़ दिया कि उसने अपने ही घर में पंखे से फंदा लगाकर जीवन समाप्त कर लिया। यह कदम उसने सामाजिक अपमान के डर से उठाया, जबकि वह खुद दरिंदों से किसी तरह बच निकली थी।
प्राथमिकी में यह भी आरोप लगाया गया है कि नामजद युवक लंबे समय से छात्रा को कॉलेज, बाजार और कोचिंग आते-जाते समय परेशान करते थे और अश्लील हरकतें करते थे। घटना वाले दिन भी उन्हीं युवकों ने घर में घुसकर उसे ले जाने का प्रयास किया था।
इस मामले में एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। परिजनों के अनुसार, घटना से कुछ दिन पहले 28 नवंबर को छात्रा को एक अज्ञात नंबर से जान से मारने की धमकी भी मिली थी। यह धमकी भरा कॉल अब पुलिस जांच का एक महत्वपूर्ण बिंदु बन गया है।
घटना के अगले दिन छात्रा के पिता ने मोहिउद्दीननगर थाने में आवेदन देकर नौ युवकों को नामजद किया है, जबकि 15 से 20 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी पहलुओं पर जांच शुरू कर दी है।
थानाध्यक्ष के अनुसार, प्राथमिकी के आधार पर सभी नामजद अभियुक्तों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि यह मामला अत्यंत संवेदनशील है और दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस हर संभव प्रयास कर रही है कि सच सामने आए और पीड़िता को न्याय मिले।
