नेपाल के बारा में जेन-जी आंदोलन उग्र, कर्फ्यू के बीच झड़प में 10 घायल
भारतीय सीमा से सटे नेपाल के बारा जिले में गुरुवार को लगातार दूसरे दिन भी तनाव का माहौल रहा। जेन-जी आंदोलनकारी एक बार फिर सड़कों पर उतर आए, जिसके बाद सीपीएन-यूएमएल कार्यकर्ताओं के साथ उनकी झड़प हुई। इस हिंसक टकराव में छह पुलिसकर्मियों सहित कुल 10 लोग घायल हो गए।
हालात को काबू में रखने के लिए स्थानीय प्रशासन ने दोपहर 1 बजे से रात 8 बजे तक कर्फ्यू का ऐलान कर दिया था। हालांकि, प्रदर्शनकारियों ने सुबह 11 बजे से ही सिमारा चौक पर जमावड़ा लगाना शुरू कर दिया था और उन्होंने कर्फ्यू का उल्लंघन करते हुए आगे बढ़ने की कोशिश की। इसके जवाब में अधिकारियों ने आंसू गैस के गोले दागे और दो राउंड हवाई फायरिंग भी की।
प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा बलों पर पथराव भी किया, जिसके कारण छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। वहीं, चार जेन-जी प्रदर्शनकारियों के भी घायल होने की खबर है।
जेन-जी प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि बुधवार को हुई झड़प में उनकी शिकायत में नामजद किए गए लोगों के खिलाफ अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। बुधवार की झड़प में भी छह जेन-जी प्रदर्शनकारी घायल हुए थे। समूह ने सिमारा चौक पर हुए टकराव के संबंध में यूएमएल के छह कार्यकर्ताओं के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी।
सूत्रों के अनुसार, बुधवार को तब तनाव शुरू हुआ जब सीपीएन-यूएमएल नेताओं ने आगामी पांच मार्च 2026 को होने वाले चुनाव से पहले जिले में एक कार्यक्रम की योजना बनाई थी। इस घटनाक्रम ने क्षेत्र में राजनीतिक और सामाजिक तनाव को और बढ़ा दिया है।
