भावनगर में वन अधिकारी की पत्नी और बच्चों के शव बरामद, पति हिरासत में
गुजरात के भावनगर शहर में एक सहायक वन संरक्षक की पत्नी और उनके दो बच्चों के शव उनके सरकारी आवास से बरामद होने के बाद सनसनी फैल गई है। यह घटना तब सामने आई जब पुलिस ने लापता होने की शिकायत के लगभग दस दिन बाद संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर जांच की। पुलिस ने इस मामले में महिला के पति, सहायक वन संरक्षक (एसीएफ) शैलेश खंभला को हिरासत में लिया है और उनसे गहन पूछताछ की जा रही है।
भावनगर के पुलिस अधीक्षक नितेश पांडे ने इस घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि शैलेश खंभला ने 6 नवंबर को अपनी पत्नी नयना रबारी (40), अपने नौ वर्षीय बेटे और 13 वर्षीय बेटी के लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू की।
एसपी पांडे ने आगे बताया, “हमें 6 नवंबर के आसपास फॉरेस्ट कॉलोनी में खंभला के क्वार्टर के पास संदिग्ध खुदाई गतिविधि के बारे में सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर, पुलिस और एफएसएल (फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) कर्मियों ने एक खोजी कुत्ते के साथ मौके का निरीक्षण किया।” इस गहन तलाशी के दौरान, पुलिस को तीन शव बरामद हुए। परिवार के सदस्यों ने इन शवों की पहचान नयना रबारी और उनके दोनों बच्चों के रूप में की है, जिससे इलाके में गहरा शोक और आक्रोश व्याप्त है।
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि शैलेश खंभला को फिलहाल इस पूरे मामले में एक प्रमुख संदिग्ध माना जा रहा है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, सूरत में रहने वाला परिवार छुट्टियों के दौरान खंभला से मिलने भावनगर आया था, जिसके बाद उनके लापता होने की सूचना मिली थी। शवों को तत्काल पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है ताकि मौत के कारणों और समय का पता चल सके। पुलिस ने बताया कि आगे की विस्तृत जांच जारी है और सभी पहलुओं पर गौर किया जा रहा है।
