डॉक्टर के घर नौकर पर हमले में दो को सात साल की सजा | lucknow crime news
राजधानी लखनऊ की सत्र अदालत ने एक पुराने मामले में कड़ा फैसला सुनाते हुए डॉक्टर के घर में घुसकर उनके नौकर पर चाकू से हमला करने वाले दो आरोपियों को सात वर्ष के कारावास की सजा दी है। इस फैसले से न्याय व्यवस्था में जनता का विश्वास और अधिक मजबूत हुआ है, क्योंकि ऐसे गंभीर अपराधों में त्वरित न्याय मिलने से अपराधियों में कानून का डर बना रहता है।
सुनवाई के दौरान अदालत ने अजय यादव और दुर्गेश पांडे को दोषी पाया और प्रत्येक पर पंद्रह हजार रुपए का आर्थिक जुर्माना भी लगाया। अभियोजन पक्ष के अनुसार, यह घटना 30 अगस्त 2012 की है जब डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल के ऑर्थो सर्जन डॉ. आरके गुप्ता के घर में कुछ युवक बेसमेंट किराए पर लेने के बहाने दाखिल हुए थे। घर में मौजूद दस वर्षीय नौकर श्रवण जब उनके लिए पानी लेकर पहुंचा, तो आरोपियों ने उसे बेसमेंट में खींचकर पेट में चाकू मार दिया था और शोर मचाने पर मौके से फरार हो गए थे।
पुलिस जांच में यह बात सामने आई थी कि आरोपियों का मुख्य उद्देश्य लूटपाट करना था। मुकदमे की लंबी सुनवाई के दौरान एक अन्य आरोपी अनुराग की मृत्यु हो गई थी, जबकि रचित दीक्षित अभी भी फरार चल रहा है, जिसकी तलाश पुलिस कर रही है।
