अलीगढ़ में प्रधानाध्यापिका के निलंबन पर भड़के छात्र, स्कूल गेट पर किया प्रदर्शन | aligarh news
उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले के छर्रा क्षेत्र में स्थित कंपोजिट विद्यालय रसैनी में प्रशासनिक कार्रवाई के खिलाफ छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा है। विद्यालय की प्रधानाध्यापिका स्मिता गुप्ता के निलंबन से नाराज विद्यार्थियों ने शुक्रवार को स्कूल परिसर में जमकर प्रदर्शन किया और मुख्य द्वार पर ताला जड़ दिया। इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में ग्रामीण भी छात्रों के समर्थन में उतर आए [aligarh news]।
पूरे घटनाक्रम की शुरुआत 9 सितंबर को हुई थी, जब कक्षा दो में पढ़ने वाला छात्र अनुज खेलते-खेलते विद्यालय के एक बंद कमरे में चला गया था। वहां बिजली के बोर्ड का स्विच छूने से उसे करंट लग गया था, जिसके बाद परिजनों ने इस बात की शिकायत उच्चाधिकारियों से की थी। शिकायत मिलने पर खंड शिक्षा अधिकारी ने मौके पर पहुंचकर मामले की जांच की और अपनी रिपोर्ट बेसिक शिक्षा अधिकारी को सौंप दी थी।
जांच रिपोर्ट के आधार पर बीएसए ने 10 सितंबर को प्रधानाध्यापिका को निलंबित कर दिया था। जब प्रधानाध्यापिका 11 सितंबर को कार्यभार सौंपने के लिए स्कूल पहुंचीं, तो छात्र और ग्रामीण उनके समर्थन में एकजुट हो गए। उन्होंने निलंबन आदेश को पूरी तरह अनुचित बताते हुए जमकर नारेबाजी की और लगभग दो घंटे तक स्कूल में तालाबंदीए रखी। ग्रामीणों का कहना था कि बच्चा गलती से बंद कमरे में चला गया था, इसलिए प्रधानाध्यापिका को सजा देना गलत है। इस तरह के मामलों से स्थानीय स्तर पर बच्चों की पढ़ाई और प्रशासनिक व्यवस्था के बीच का समन्वय प्रभावित होता है, जिससे शिक्षा की गुणवत्ता पर सीधा असर पड़ता है।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि तथ्यों के आधार पर उचित निर्णय लिया जाएगा ताकि शिक्षण कार्य जल्द से जल्द सुचारू रूप से चल सके।
