बेटी के पहले जन्मदिन पर मां ने मांगी मौत की दुआ, आगरा में पिता ने नदी में फेंका था नवजात
आगरा में एक पिता की हैवानियत ने इंसानियत को शर्मसार कर दिया। 11 महीने की मासूम बेटी को यमुना नदी में फेंकने के बाद, मां अपने बेटी के पहले जन्मदिन पर उसके शव की तलाश में दर-दर भटकती रही। इस निर्मम घटना ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है।
पीएसी के गोताखोरों ने चौथे दिन भी नदी में बच्ची की तलाश जारी रखी, लेकिन अभी तक उसका शव नहीं मिला है। मथुरा के बल्देव निवासी चंद्रवीर उर्फ रिंकू 14 अगस्त को अपनी पत्नी लक्ष्मी और 11 महीने की बेटी को आगरा घुमाने के बहाने लाया था। सिकंदरा क्षेत्र में अकबरा पुल पर फोटो खिंचाने के बहाने उसने अपनी बेटी को गोद से छीनकर यमुना नदी में फेंक दिया। इतना ही नहीं, उसने पत्नी लक्ष्मी को भी नदी में फेंकने की कोशिश की, लेकिन पत्नी के शोर मचाने पर राहगीरों ने उसे पकड़ लिया और पिटाई की।
पत्नी लक्ष्मी ने पुलिस को बताया कि बेटी का 17 अगस्त को पहला जन्मदिन था, जिसकी वह बड़े धूमधाम से तैयारी कर रही थी। पति चंद्रवीर पत्नी पर शक करता था, इसी शक के चलते वह छह महीने मायके में रही थी और 20 दिन पहले ही अपने पति के पास लौटी थी।
यह घटना ‘infanticide’ के बढ़ते मामलों की ओर इशारा करती है। पिछले एक महीने में यह तीसरी घटना है जहां पिता ने अपनी बेटियों की जान ली है। इससे पहले तीन अगस्त को जैतपुर में और 29 जुलाई को बासौनी में भी ऐसी ही निर्मम हत्याएं सामने आई थीं।
