कानपुर अस्पताल में हिजाब विवाद: डॉक्टर बोले- चेहरा दिखाओ तब होगा इलाज
कानपुर के जिला महिला अस्पताल डफरिन में एक महिला के हिजाब को लेकर हुए विवाद ने रविवार को खूब सुर्खियां बटोरीं। अस्पताल में इलाज के लिए पहुंची एक मुस्लिम महिला ने गंभीर आरोप लगाया है कि डॉक्टरों और सुरक्षा कर्मियों ने उससे चेहरे से हिजाब हटाने की मांग की। महिला का दावा है कि उसकी बात न मानने पर उसे उपचार देने से साफ इनकार कर दिया गया।
इस घटना के बाद महिला ने अपनी आपबीती बताते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया, जो तेजी से वायरल हो गया। महिला ने अपने वीडियो में कहा कि डॉक्टरों के साथ-साथ सुरक्षा गार्डों ने भी उससे हिजाब उतारने को कहा।
इस पूरे मामले पर अस्पताल की प्रमुख अधीक्षक डॉ. रुचि जैन ने सफाई देते हुए कहा कि महिला वीडियो में उनके पास आने की बात कह रही है, लेकिन वह असल में उनसे मिली नहीं। उन्होंने कहा कि महिला अस्पताल होने के नाते सुरक्षा व्यवस्था का ध्यान रखना उनकी प्राथमिकता है। नवजात शिशुओं की सुरक्षा को देखते हुए कभी-कभी हिजाब उतारने के लिए कहा जाता है। डॉ. जैन ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि कोई अप्रिय घटना होती है और चेहरा सीसीटीवी फुटेज में स्पष्ट नहीं दिखता है, तो आरोपी की पहचान करना मुश्किल हो जाता है। उन्होंने सवाल उठाया कि महिला डॉक्टर के सामने हिजाब हटाने में क्या आपत्ति हो सकती है। इस घटना ने सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक पहनावे और सुरक्षा नियमों के बीच संतुलन पर बहस छेड़ दी है।
