यूपी में पेट्रोल-डीजल की कालाबाजारी पर योगी सरकार सख्त, 233 लोगों पर FIR दर्ज (UP news)
उत्तर प्रदेश में पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की कालाबाजारी पर लगाम लगाने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कड़े निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के बाद राज्य सरकार ने एक विशेष अभियान चलाया है, जिसके तहत अब तक 233 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। इस कार्रवाई में 20 लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। इसके अलावा, 237 आरोपियों के खिलाफ अभियोजन की कार्रवाई भी शुरू की गई है।
खाद्य एवं रसद विभाग के आयुक्त के अनुसार, यह अभियान 12 मार्च से शुरू हुआ था और इसमें पूरे प्रदेश में 19,882 स्थानों पर छापेमारी और निरीक्षण किए गए। कालाबाजारी में शामिल एलपीजी वितरकों के खिलाफ 33 मामले दर्ज किए गए हैं, जबकि अन्य व्यक्तियों के खिलाफ 200 एफआईआर दर्ज की गई हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि अफवाह फैलाकर बाजार में कृत्रिम संकट पैदा करने वालों के खिलाफ भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।
सरकार ने आम जनता को आश्वस्त किया है कि राज्य में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। प्रदेश के 12,888 पेट्रोल पंपों पर नियमित बिक्री हो रही है। वर्तमान में प्रदेश में 97,000 किलोलीटर पेट्रोल और 1,26,000 किलोलीटर डीजल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। अधिकारियों के अनुसार, मांग के अनुरूप आपूर्ति बनाए रखने के लिए निरंतर समन्वय किया जा रहा है।
एलपीजी आपूर्ति को लेकर भी विभाग सतर्क है। प्रदेश के 4,107 गैस वितर गैस वितरकों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी। शिकायतों के निस्तारण के लिए राज्य स्तर पर 24 घंटे कंट्रोल रूम सक्रिय कर दिया गया है, और जिला प्रशासन को भी लगातार फील्ड में सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए हैं।
