केंद्र सरकार ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर पद्म पुरस्कारों की घोषणा की है। इस वर्ष उत्तर प्रदेश की 10 हस्तियों को पद्मश्री और एक को पद्मभूषण से सम्मानित किया गया है। इन पुरस्कारों में...
केंद्र सरकार ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर पद्म पुरस्कारों की घोषणा की है। इस वर्ष उत्तर प्रदेश की 10 हस्तियों को पद्मश्री और एक को पद्मभूषण से सम्मानित किया गया है। इन पुरस्कारों में कला, विज्ञान, चिकित्सा, साहित्य और कृषि जैसे विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले लोग शामिल हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी विजेताओं को बधाई दी है। यह सम्मान प्रदेश के लिए गौरव का विषय है।
पद्म पुरस्कारों की घोषणा के बाद, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी विजेताओं को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि इन विभूतियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में असाधारण कार्य करके प्रदेश का नाम रोशन किया है। इस वर्ष कुल 131 पद्म पुरस्कारों की घोषणा की गई, जिसमें 5 पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्म श्री शामिल हैं।
कला के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए एन. राजम जी को पद्म विभूषण पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। वहीं, पद्मश्री पुरस्कार पाने वालों में अनिल कुमार रस्तोगी और चिरंजी लाल यादव (कला), अशोक कुमार सिंह (विज्ञान और इंजीनियरिंग), बुद्ध रश्मि मणि (पुरातत्व), केवल कृष्ण ठकराल, राजेंद्र प्रसाद और श्याम सुंदर (चिकित्सा), मंगला कपूर (साहित्य और शिक्षा), प्रवीण कुमार (खेल), और रघुपात सिंह (कृषि) शामिल हैं।
लखनऊ के दो डॉक्टरों को पद्मश्री
लखनऊ के दो जाने-माने डॉक्टरों को पद्मश्री सम्मान से नवाजा गया है। इनमें डॉ. राजेंद्र प्रसाद और डॉ. केके ठकराल शामिल हैं। डॉ. राजेंद्र प्रसाद केजीएमयू के रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष रहे हैं। पल्मोनरी मेडिसिन के क्षेत्र में उनके विशेष योगदान के लिए उन्हें यह सम्मान दिया गया है। डॉ. प्रसाद ने 400 से अधिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय शोध पत्र प्रकाशित किए हैं और 12 चिकित्सा पुस्तकें लिखी हैं।
डॉ. केके ठकराल को आयुर्वेद में शल्य-शलाक्या सर्जरी और क्षार सूत्र शल्य चिकित्सा में विशेषज्ञता के लिए पद्मश्री प्रदान किया गया है। वह टुड़ियागंज स्थित राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज के पूर्व प्रधानाचार्य और पूर्व निदेशक आयुर्वेद रहे हैं। डॉ. ठकराल ने आयुर्वेद के क्षेत्र में सर्जरी को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
वैज्ञानिक और रंगकर्मी भी सम्मानित
लखनऊ के वरिष्ठ रंगकर्मी और अभिनेता डॉ. अनिल रस्तोगी को कला के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए पद्मश्री से सम्मानित किया गया है। डॉ. रस्तोगी ने अपने छह दशकों से अधिक के करियर में 100 से अधिक नाटकों में अभिनय किया है। उन्होंने सेंट्रल ड्रग रिसर्च इंस्टीट्यूट (सीडीआरआई) में वैज्ञानिक के रूप में भी काम किया है।
गाजीपुर के डॉ. अशोक कुमार सिंह को कृषि के क्षेत्र में पद्मश्री मिला है। वह भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (आईएआरई) पूसा के पूर्व निदेशक रहे हैं। उन्हें बासमती धान की विभिन्न प्रजातियों पर किए गए उनके शोध के लिए यह पुरस्कार प्रदान किया गया है।