अदाणी ग्रुप को आंध्र प्रदेश में 480 एकड़ जमीन, बनेगा विशाल डेटा सेंटर
आंध्र प्रदेश सरकार ने राज्य में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए अदाणी ग्रुप को 480 एकड़ जमीन आवंटित की है। यह जमीन विशाखापत्तनम और अनकापल्ली जिलों में स्थित है और इसे अदाणी इंफ्रा (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड को सौंपा गया है। यह आवंटन गूगल की सहयोगी कंपनी रेडेन इंफोटेक इंडिया के लिए किया गया है, जो इस भूखंड पर एक विशाल 1 GW AI डेटा सेंटर स्थापित करेगी।
सूत्रों के अनुसार, रेडेन इंफोटेक ने पहले ही राज्य सरकार को सूचित कर दिया था कि अदाणी इंफ्रा (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड, अदाणीकॉनेक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, अदाणी पावर इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, भारती एयरटेल लिमिटेड, नेक्सट्रा डेटा लिमिटेड और नेक्सट्रा विजाग लिमिटेड (भारती एयरटेल की सब्सिडियरी) इस परियोजना के लिए ‘नोटिफाइड पार्टनर’ होंगे। रेडेन इंफोटेक ने आंध्र प्रदेश इंडस्ट्रियल इंफ्रास्ट्रक्चर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (APIIC) द्वारा पहचाने गए जमीन के तीनों टुकड़ों को सर्वे और कब्जा सौंपने के बाद अदाणी इंफ्रा को आवंटित करने का अनुरोध किया था।
इस परियोजना के तहत रेडेन इंफोटेक इंडिया प्राइवेट लिमिटेड कुल 87,500 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश करेगी। इसके बदले में, राज्य सरकार से इंसेंटिव के तौर पर लगभग 22,000 करोड़ रुपये वापस मिलने की उम्मीद है। यह डेटा सेंटर उसी उच्च मानक पर बनाया जाएगा जो गूगल की प्रमुख सेवाओं जैसे सर्च, यूट्यूब और वर्कस्पेस को शक्ति प्रदान करता है।
डेटा सेंटर की क्षमता को उसके द्वारा उपयोग की जाने वाली बिजली की मात्रा से मापा जाता है। विशाखापत्तनम में प्रस्तावित 1 GW (1000 मेगावाट) की यह सुविधा, पूरी क्षमता पर संचालन के दौरान भारी मात्रा में बिजली की खपत करेगी। अनुमान है कि यह सुविधा मुंबई की वार्षिक बिजली खपत के लगभग 50 प्रतिशत के बराबर बिजली का उपयोग करेगी। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने हाल ही में कहा था कि गूगल ने पहले 10 बिलियन डॉलर के निवेश की घोषणा की थी, जो अब बढ़कर 15 बिलियन डॉलर हो गया है। यह निवेश राज्य में तकनीकी प्रगति और रोजगार सृजन को गति देगा।
