उत्तर प्रदेश: बंद रेलवे क्रॉसिंग पार कर जान जोखिम में डाल रहे लोग, RPF की चेतावनी | UP railway safety news
उत्तर प्रदेश के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में रेलवे फाटकों पर सुरक्षा नियमों की अनदेखी एक गंभीर चिंता का विषय बन गई है। कानपुर-झांसी रेल ट्रैक पर स्थित सरवनखेड़ा के पांमा रेलवे क्रॉसिंग पर लोग बंद फाटक के नीचे से गुजरकर अपनी और दूसरों की जान को खतरे में डाल रहे हैं। यह लापरवाही न केवल उनकी सुरक्षा के लिए खतरा है, बल्कि रेलवे नियमों का उल्लंघन भी है, जिस पर कड़ी कार्रवाई का प्रावधान है।
ट्रेन गुजरने के दौरान यात्रियों और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए रेलवे फाटक बंद किए जाते हैं। इसके बावजूद, साइकिल, स्कूटर, बाइक सवारों के साथ-साथ पैदल चलने वाले बुजुर्ग, महिलाएं और स्कूली बच्चे भी बंद फाटक के नीचे से निकलने का प्रयास करते हैं। उनकी यह जल्दबाजी और नासमझी किसी भी समय एक बड़े हादसे का कारण बन सकती है। स्थानीय प्रशासन और रेलवे प्रशासन यदि इस गंभीर मुद्दे पर तुरंत ध्यान नहीं देते हैं, तो भविष्य में कोई बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
रेलवे नियमों के अनुसार, बंद फाटक के नीचे से गुजरना एक कानूनी अपराध है। रेलवे एक्ट की धारा-147 के तहत ऐसा करने वालों पर मामला दर्ज किया जाता है, जिसमें छह महीने की कैद और 500 रुपये का जुर्माना या दोनों एक साथ हो सकते हैं। आरपीएफ (रेलवे सुरक्षा बल) के अधिकारियों ने बताया कि वे समय-समय पर ऐसे लापरवाह लोगों के खिलाफ विशेष अभियान चलाते हैं। आने वाले दिनों में भी बंद फाटकों के नीचे से गुजरने वालों पर सख्त कार्रवाई के लिए विशेष अभियान चलाए जाएंगे ताकि ऐसी लापरवाही रोकी जा सके।
