ट्रेडिंग ऐप से 10.91 लाख की ठगी: देहरादून में एक व्यक्ति बना शिकार
देहरादून में साइबर ठगों ने एक बार फिर अपनी जालसाजी का शिकार बनाया है। ट्रेडिंग ऐप पर निवेश के नाम पर बड़ा मुनाफा दिखाने का झांसा देकर एक व्यक्ति से 10.91 लाख रुपये की ठगी की गई है। इस मामले में नेहरू कॉलोनी थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मोथरोवाला स्थित सैनिक कॉलोनी निवासी सचिन नेगी ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि अगस्त 2025 के पहले सप्ताह में उन्होंने प्ले स्टोर से ‘ईटी मनी’ नामक एक ऐप डाउनलोड किया था। ऐप इंस्टॉल करने के कुछ ही देर बाद उनके व्हाट्सएप नंबर पर ‘एल्फा स्मार्ट एकेडमी’ नाम से एक ट्रेडिंग ग्रुप में जुड़ने का निमंत्रण आया। शिकायतकर्ता के अनुसार, इस ग्रुप के एडमिन सानवी जैन और मानव सेठ थे, जिन्होंने खुद को ईटी मनी कंपनी का वरिष्ठ पदाधिकारी बताया। ईटी मनी की ओर से प्राप्त एक ईमेल में भी सानवी जैन का नाम होने के कारण सचिन ने उन पर विश्वास कर लिया।
इसके बाद ठगों ने सचिन को अपने अन्य व्हाट्सएप ग्रुपों में जोड़ा और सानवी जैन ने उन्हें एक लिंक भेजा, जिसे क्लिक करने पर ‘ईटी मनी एनएनडब्ल्यू’ ऐप खुला। इसमें उन्होंने अपनी गोपनीय जानकारी दर्ज की। 06 अगस्त को उन्होंने शुरुआती निवेश के तौर पर 20 हजार रुपये जमा किए। सानवी जैन रोजाना ग्रुप में ‘इंस्टीट्यूशनल स्टॉक’ बताती थीं, जिसे सभी सदस्य खरीदते और अगले दिन बेचते थे। धीरे-धीरे सचिन का मुनाफा बढ़ता हुआ दिखाया गया और उन्हें बीच-बीच में आईपीओ में भी निवेश करने के लिए प्रेरित किया गया। आवश्यकता पड़ने पर सानवी जैन उनसे अतिरिक्त राशि जमा करने को कहती रहीं।
इस तरह, सचिन ने विभिन्न बैंक खातों में कुल लगभग 10.91 लाख रुपये जमा कर दिए। ऐप में उनका कुल बैलेंस 57.96 लाख रुपये दिखाया जा रहा था। जब सचिन ने अपनी धनराशि निकालने का अनुरोध किया, तो ठगों ने उनसे 20 प्रतिशत सर्विस कमीशन जमा करने को कहा। रुपये न होने की बात कहने पर आरोपियों ने उन्हें तुरंत ग्रुप से बाहर कर दिया। अपनी मेहनत की कमाई गंवाने के बाद सचिन नेगी ने पुलिस से संपर्क किया और अब इस मामले की गहनता से जांच की जा रही है। यह घटना एक बार फिर ऑनलाइन निवेश के नाम पर होने वाली धोखाधड़ी के प्रति सतर्क रहने की चेतावनी देती है।
