यूपी में आंधी-बारिश का कहर, 13 लोगों की मौत, फसलों को भारी नुकसान; जानें UP weather news अपडेट
उत्तर प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के कारण मौसम ने अचानक करवट ली है। तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि के चलते राज्य के कई हिस्सों में जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। विभिन्न जिलों में हुए हादसों में 13 लोगों की मौत हो गई, जबकि 26 से अधिक लोग घायल हुए हैं। आंधी-बारिश के कारण बिजली आपूर्ति ठप हो गई और रेल-विमान संचालन पर भी असर पड़ा है। इस अप्रत्याशित मौसम ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है, क्योंकि खेतों में खड़ी और कटी हुई दोनों तरह की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है।
फसलों को भारी नुकसान, कानपुर में टूटा 55 साल का रिकॉर्ड
आंधी और ओलावृष्टि का सबसे ज्यादा असर फसलों पर पड़ा है। पश्चिमी यूपी के मेरठ, हापुड़, मुजफ्फरनगर और बुलंदशहर सहित कई जिलों में गेहूं की पकी फसल को भारी नुकसान हुआ है। खेतों में कटी पड़ी फसल भीगने से उसके खराब होने का खतरा बढ़ गया है। पूर्वांचल में गोरखपुर-बस्ती मंडल में आम की फसल को भी नुकसान पहुंचा है। इस बीच, कानपुर में हुई बेमौसम बारिश ने 55 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया। रविवार सुबह तक 35.6 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो 1972 के बाद सबसे ज्यादा है।
हादसों में गई जान, बिजली-रेल सेवा प्रभावित
आंधी-बारिश के कारण हुए हादसों में कई लोगों की जान चली गई। इटावा के भरथना में तेरहवीं भोज के दौरान तेज आंधी-बारिश के बीच दीवार गिरने से एक महिला की मौत हो गई और 12 लोग घायल हो गए। बुंदेलखंड के ललितपुर और हमीरपुर में आकाशीय बिजली गिरने से दो लोगों की जान चली गई, जबकि उरई में पेड़ गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई। रायबरेली में तेज हवा से गिरे पेड़-पोल की चपेट में आकर दो लोगों की मौत हुई। आंधी की रफ्तार इतनी तेज थी कि केवल मैनपुरी में तीन दिनों में 555 बिजली के पोल गिर गए, जिससे विभाग को 45 लाख का नुकसान हुआ है। खराब मौसम के कारण कानपुर में 98 ट्रेनें फंसी रहीं और 112 ट्रेनें घंटों देरी से चलीं।
अगले 24 घंटों के लिए अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के दौरान भी मौसम खराब रहने का अनुमान जताया है। प्रयागराज, वाराणसी, मिर्जापुर, फतेहपुर और औरैया समेत 20 से अधिक जिलों में 40-50 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है। लखनऊ, अयोध्या, मेरठ, मुरादाबाद, बरेली और सहारनपुर सहित कई जिलों में मेघगर्जन के साथ बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग के अनुसार, वर्तमान पश्चिमी विक्षोभ का असर सोमवार दोपहर तक खत्म होने की उम्मीद है, लेकिन 7 अप्रैल से एक और नया पश्चिमी विक्षोभ दस्तक देगा, जिससे मौसम में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा।
