यूपी में गरीब छात्राओं को मिलेगी स्कूटी, रानी लक्ष्मीबाई योजना में संशोधन का प्रस्ताव
उत्तर प्रदेश सरकार जल्द ही रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत गरीब और मेधावी छात्राओं को स्कूटी वितरित करने की तैयारी में है। उच्च शिक्षा विभाग द्वारा तैयार किए जा रहे प्रस्ताव में महत्वपूर्ण संशोधन किए जा रहे हैं। पहले जहां 90% अंक लाने वाली छात्राओं को स्कूटी देने का प्रावधान था, अब अंक प्रतिशत को घटाकर 75% तक किया जा सकता है। इसके साथ ही, परिवार की वार्षिक आय की सीमा को भी 10-12 लाख रुपये से कम करने पर विचार किया जा रहा है।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि गांव और कस्बों में रहने वाली वे जरूरतमंद छात्राएं, जिन्हें कॉलेज आने-जाने में कठिनाई होती है, उन्हें प्राथमिकता मिले। प्रदेश के विश्वविद्यालयों और डिग्री कॉलेजों में स्नातक की पढ़ाई कर रही लगभग नौ लाख छात्राओं में से अंतिम वर्ष की छात्राओं को स्कूटी देने पर भी मंथन चल रहा है।
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने अलीगढ़ में इस योजना के नियमों पर नाराजगी जताई थी और कहा था कि नियम ऐसे बनाए जाएं कि गरीब छात्राओं को अधिक लाभ मिले। इसी के मद्देनजर, उच्च शिक्षा विभाग नियमों को अंतिम रूप देने में जुटा है। राज्य सरकार ने करीब एक साल पहले इस योजना के लिए 400 करोड़ रुपये का बजट भी आवंटित कर दिया था। उम्मीद है कि जल्द ही नियमों को अंतिम रूप देकर स्कूटी वितरण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
