अपना घर आश्रम में पहुंचे जिला अस्पताल के चिकित्सक, 38 मानसिक रोगियों का किया उपचार
सोरों के गांव लहरा में स्थित अपना घर आश्रम में गुरुवार को जिला अस्पताल के चिकित्सकों की एक टीम ने पहुंचकर जरूरतमंदों के स्वास्थ्य की जांच की। इस विशेष शिविर के माध्यम से आश्रम में रह रहे मानसिक रूप से बीमार और उपेक्षित 38 रोगियों का उपचार किया गया। चिकित्सकों ने न केवल मौके पर ही उनका इलाज किया, बल्कि उन्हें आवश्यक दवाएं भी वितरित कीं।
जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) डॉ. संजीव सक्सेना ने बताया कि अपना घर आश्रम में ऐसे लोगों को आश्रय दिया गया है जो मानसिक रूप से अस्वस्थ हैं या जिनकी सामाजिक-आर्थिक स्थिति बेहद खराब है। इन रोगियों को उपचार के लिए जिला अस्पताल तक लाना कई बार अत्यंत कठिन हो जाता है। इसी समस्या को देखते हुए, अस्पताल प्रशासन ने पहल करते हुए चिकित्सकों की एक टीम को आश्रम भेजने का निर्णय लिया, ताकि रोगियों को उनके द्वार पर ही स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
इस स्वास्थ्य शिविर में डॉ. संजीव सक्सेना के नेतृत्व में डॉ. ध्रुव अग्रवाल, लैब टेक्नीशियन विनय और गवेंद्र सिंह, तथा जितेंद्र कश्यप की टीम ने अपनी सेवाएं प्रदान कीं। टीम ने सभी 38 रोगियों के स्वास्थ्य की गहन जांच की और उनकी समस्याओं को समझने का प्रयास किया। इसके साथ ही, रोगियों के स्वास्थ्य की स्थिति का बेहतर आकलन करने के लिए उनके रक्त की जांच भी कराई गई। इस जांच के परिणामों से भविष्य में उनके उपचार की दिशा तय करने में मदद मिलेगी।
अपना घर आश्रम के प्रबंधक रमेश और सत्यपाल सिंह, तथा केयर टेकर मनीष और नीटू ने इस स्वास्थ्य शिविर के आयोजन में चिकित्सकों की टीम को पूरा सहयोग प्रदान किया। उन्होंने रोगियों को एक साथ लाने और उनकी देखभाल सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस तरह के प्रयास समाज के सबसे कमजोर वर्ग तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच को सुनिश्चित करने की दिशा में एक सराहनीय कदम हैं।
