टाटा संस के चेयरमैन पद पर एन. चंद्रशेखरन का कार्यकाल बढ़ाया गया | india business news
देश के प्रमुख व्यावसायिक समूह टाटा संस के नेतृत्व को लेकर एक बार फिर बड़ा फैसला सामने आया है। गुरुवार को हुई अहम बोर्ड बैठक में एन. चंद्रशेखरन को अगले पांच साल के लिए एक बार फिर समूह की कमान सौंपने का निर्णय लिया गया है। हालांकि, टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन नोएल टाटा ने इस प्रस्ताव के खिलाफ अपना वोट दिया, जिससे अंदरूनी असहमतियां भी खुलकर सामने आ गई हैं (india business news)। बावजूद इसके, अधिकांश बोर्ड सदस्यों के समर्थन से यह प्रस्ताव आगे बढ़ गया है।
यह निर्णय ऐसे समय में आया है जब भारतीय रिजर्व बैंक के सख्त विनियामक दिशानिर्देशों के कारण टाटा संस के लिए शेयर बाजार में उतरना अनिवार्य हो गया है। केंद्रीय बैंक द्वारा कंपनी के एनबीएफसी पंजीकरण से जुड़े आवेदन को खारिज किए जाने के बाद, आईपीओ लाना कानूनी मजबूरी बन गया है। समूह के भविष्य के बड़े निवेश और निवेशकों का भरोसा बनाए रखने के लिहाज से इस दिशा में यह कदम बेहद अहम माना जा रहा है।
एन. चंद्रशेखरन के पिछले कार्यकालों के दौरान समूह ने रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज की है। एअर इंडिया के अधिग्रहण से लेकर सेमीकंडक्टर और डिजिटल कारोबार जैसे नए क्षेत्रों में विस्तार तक, उनके नेतृत्व में कई बड़े मील के पत्थर हासिल किए गए हैं। हालांकि, इस कार्यकाल के विस्तार को अंतिम मंजूरी के लिए आगामी सालाना आम बैठक में रखा जाएगा, जहां टाटा ट्रस्ट्स की बहुसंख्यक हिस्सेदारी एक निर्णायक भूमिका निभाएगी।
